Edited By Rohini Oberoi,Updated: 10 May, 2026 03:34 PM

आंध्र प्रदेश के अलमास पेट चौराहे का नाम बदलने को लेकर हुए प्रदर्शन और पथराव के बाद यहां निषेधाज्ञा लागू कर दी गई। पुलिस ने रविवार को यह जानकारी दी। पुलिस के अनुसार एक समुदाय के सदस्य चाहते थे कि चौराहे का नाम मैसूर साम्राज्य के पूर्व शासक टीपू...
नेशनल डेस्क। आंध्र प्रदेश के अलमास पेट चौराहे का नाम बदलने को लेकर हुए प्रदर्शन और पथराव के बाद यहां निषेधाज्ञा लागू कर दी गई। पुलिस ने रविवार को यह जानकारी दी। पुलिस के अनुसार एक समुदाय के सदस्य चाहते थे कि चौराहे का नाम मैसूर साम्राज्य के पूर्व शासक टीपू सुल्तान के नाम पर रखा जाए जबकि दूसरे वर्ग ने इसके नाम को भगवान हनुमान के नाम पर रखे जाने की मांग की thi जिससे इलाके में अशांति फैल गई।
पुलिस के एक अधिकारी से कहा, अलमास पेट जंक्शन के नाम परिवर्तन के मुद्दे पर झड़पों के कारण क्षेत्र में तनाव व्याप्त हो गया जिसके बाद धारा 144 लागू कर दी गई और कानून-व्यवस्था में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी को रोकने के लिए सुरक्षा बढ़ा दी गई। यहां शनिवार को दो समूहों के बीच पथराव हुआ और विरोध प्रदर्शन किया गया जिन्हें पुलिस ने मामूली बल प्रयोग से तितर-बितर कर दिया।
यह विवाद पिछले 12 वर्षों में कई बार सामने आता रहा है। अधिकारी ने बताया कि हिंसा में कथित तौर पर शामिल कई लोगों की पहचान कर ली गई और उन्हें जल्द ही गिरफ्तार किए जाने की संभावना है। कड़पा जिले के कलेक्टर श्रीधर चेरुकुरी और पुलिस अधीक्षक (एसपी) शेल्के नचिकेत विश्वनाथ ने शनिवार को एक संयुक्त प्रेसवार्ता की जिसमें उन्होंने झड़पों को दुर्भाग्यपूर्ण बताया।
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उन्होंने कहा कि असामाजिक और दुर्भावनापूर्ण तत्वों ने कथित तौर पर कस्बे में सांप्रदायिक सद्भाव को बिगाड़ने का प्रयास किया। उन्होंने सोशल मीडिया पर गलत सूचनाओं के प्रसार के खिलाफ भी चेतावनी दी और कहा कि झूठा प्रचार लोगों में भय पैदा कर रहा है।
अधिकारियों ने कहा कि झड़पें शुरू होने के बाद जिला पुलिस तंत्र ने तुरंत कार्रवाई की और इलाके में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की। इस बीच पुलिस ने झड़पों के संबंध में कानूनी धाराओं के तहत मामले दर्ज किए हैं। अधिकारियों ने कहा कि लोगों के बीच सद्भाव को बढ़ावा देने और जिले में शांतिपूर्ण माहौल बनाए रखने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं।