Edited By SHUKDEV PRASAD,Updated: 17 Mar, 2026 05:14 PM

केरल विधानसभा चुनाव की तारीखों के ऐलान के साथ ही राज्य की सियासत पूरी तरह गरमा गई है। खासकर कांग्रेस पार्टी के अंदर टिकट बंटवारे को लेकर अंदरूनी खींचतान तेज हो गई है।
नेशनल डेस्क: केरल विधानसभा चुनाव की तारीखों के ऐलान के साथ ही राज्य की सियासत पूरी तरह गरमा गई है। खासकर कांग्रेस पार्टी के अंदर टिकट बंटवारे को लेकर अंदरूनी खींचतान तेज हो गई है। सांसदों और जमीनी कार्यकर्ताओं के बीच टकराव खुलकर सामने आने लगा है, जिससे पार्टी नेतृत्व की चिंता बढ़ गई है।
सांसदों की नजर विधानसभा पर, हाईकमान पर दबाव
पार्टी सूत्रों के अनुसार, स्क्रीनिंग कमेटी के अध्यक्ष Madhusudan Mistry ने सांसदों को विधानसभा चुनाव लड़ने से हतोत्साहित किया है। इसके बावजूद केरल के 14 लोकसभा सांसदों में से करीब 9 नेता टिकट के लिए सक्रिय लॉबिंग कर रहे हैं।
बताया जा रहा है कि ये सांसद केंद्रीय चुनाव समिति पर लगातार दबाव बना रहे हैं, क्योंकि उन्हें लगता है कि विधायक बनकर वे राज्य सरकार में बड़ी भूमिका हासिल कर सकते हैं।
कांग्रेस को सत्ता में वापसी की उम्मीद
पिछले एक दशक में केरल में United Democratic Front (UDF) और Left Democratic Front (LDF) के बीच सत्ता का अदला-बदली का ट्रेंड रहा है। हालांकि पिछली बार लेफ्ट गठबंधन ने इस परंपरा को तोड़ते हुए लगातार दूसरी बार सरकार बनाई थी। हाल ही में हुए स्थानीय निकाय चुनावों में कांग्रेस के अच्छे प्रदर्शन और सरकार के खिलाफ माहौल को देखते हुए पार्टी इस बार सत्ता में वापसी को लेकर काफी आश्वस्त नजर आ रही है।
टिकट को लेकर हर सीट पर कई दावेदार
सूत्रों का कहना है कि लगभग हर विधानसभा सीट पर टिकट के लिए कई मजबूत दावेदार मैदान में हैं। पार्टी के अंदर यह संदेश देने की कोशिश हो रही है कि जिसे भी टिकट मिलेगा, बाकी नेता और कार्यकर्ता उसके समर्थन में एकजुट रहेंगे। लेकिन जमीनी स्तर पर स्थिति इससे उलट दिख रही है।
कार्यकर्ताओं में नाराजगी, उठ रहे सवाल
अगर सांसदों को टिकट दिया जाता है तो स्थानीय कार्यकर्ताओं का विरोध तेज हो सकता है। उनका कहना है कि जो लोग वर्षों से क्षेत्र में मेहनत कर रहे हैं, उन्हें नजरअंदाज कर सांसदों को मौका देना गलत होगा। वहीं सांसदों का तर्क है कि विधानसभा में जीत दर्ज कर वे मुख्यमंत्री या मंत्री पद की दौड़ में शामिल हो सकते हैं, इसलिए वे टिकट पाने के लिए पूरी ताकत लगा रहे हैं।
चुनाव कार्यक्रम घोषित, जानिए पूरा शेड्यूल
Election Commission of India ने केरल विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान कर दिया है।
- मतदान: 9 अप्रैल (एक चरण में सभी 140 सीटों पर)
- गिनती: 4 मई
- अधिसूचना जारी: 16 मार्च
- नामांकन की आखिरी तारीख: 23 मार्च
- नामांकन की जांच: 24 मार्च
- नाम वापसी की अंतिम तिथि: 26 मार्च
- राज्य में कुल करीब 2.70 करोड़ मतदाता इस चुनाव में अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे।