Edited By Rohini Oberoi,Updated: 15 Jul, 2026 09:53 AM

अंतरराष्ट्रीय अपराध सिंडिकेट्स के खिलाफ दुनिया की सबसे बड़ी जांच एजेंसियों ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। अमेरिका की संघीय जांच एजेंसी एफबीआई (FBI) ने भारत के कुख्यात गैंगस्टर जग्गू भगवानपुरिया के बेहद करीबी और गिरोह के सक्रिय सदस्य...
FBI Most Wanted List Nitish Kaushal : अंतरराष्ट्रीय अपराध सिंडिकेट्स के खिलाफ दुनिया की सबसे बड़ी जांच एजेंसियों ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। अमेरिका की संघीय जांच एजेंसी एफबीआई (FBI) ने भारत के कुख्यात गैंगस्टर जग्गू भगवानपुरिया के बेहद करीबी और गिरोह के सक्रिय सदस्य नीतीश कौशल को अपनी Most Wanted की लिस्ट में शामिल कर लिया है। FBI के मुताबिक नीतीश कौशल एक ऐसे अंतरराष्ट्रीय आपराधिक नेटवर्क का हिस्सा है जो हत्या, अपहरण, ड्रग्स तस्करी और मनी लॉन्ड्रिंग जैसे संगीन जुर्मों में शामिल है।
बता दें कि अमेरिकी जांच एजेंसियों ने इस गैंग के नेटवर्क को पूरी तरह खंगाल डाला है। नीतीश कौशल के खिलाफ कानूनी शिकंजा कसते हुए अमेरिकी अदालत ने सख्त कदम उठाया है। 25 जून 2026 को लॉस एंजिल्स स्थित अमेरिकी डिस्ट्रिक्ट कोर्ट (सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट ऑफ कैलिफोर्निया) ने नीतीश कौशल के खिलाफ 'रैकेटीयर इन्फ्लुएंस्ड एंड करप्ट ऑर्गेनाइजेशन्स' (RICO) साजिश के तहत गिरफ्तारी वारंट जारी किया था।
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FBI ने साफ किया है कि 'भगवानपुरिया ऑर्गनाइज्ड क्राइम ग्रुप' की शुरुआत भले ही भारत के पंजाब राज्य से हुई थी लेकिन आज इसका खतरनाक जाल अमेरिका के कैलिफोर्निया समेत दुनिया के कई देशों में फैल चुका है। नीतीश पर अमेरिका में अपहरण और हिंसक हमलों को अंजाम देने का सीधा आरोप है।
जानकारी के लिए बता दें कि नीतीश कौशल की मोस्ट वांटेड लिस्ट में एंट्री दरअसल एक बहुत बड़े अंतरराष्ट्रीय मिशन का हिस्सा है जिसे 'ऑपरेशन हार्ड बॉल' नाम दिया गया है। भारत से ऑपरेट होने वाले जग्गू भगवानपुरिया और लॉरेंस बिश्नोई जैसे गैंग्स को जड़ से खत्म करने के लिए अमेरिका के न्याय विभाग, FBI, कनाडा की रॉयल कैनेडियन माउंटेड पुलिस (RCMP) और यूरोप की शीर्ष सुरक्षा एजेंसियों ने हाथ मिलाया है।
फिलहाल अमेरिकी न्याय विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि इस अभियान का एकमात्र मकसद उन विदेशी और भारतीय मूल के क्राइम सिंडिकेट्स की कमर तोड़ना है जो विदेशों में बैठकर हत्या, जबरन वसूली (रंगदारी), मानव तस्करी और हथियारों की सप्लाई का काला कारोबार चला रहे हैं।