Edited By Sahil Kumar,Updated: 27 Oct, 2026 04:40 PM

केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मंगलवार को कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विरोध में विपक्षी पार्टी इतनी 'अंधी' हो गई है कि उसने सोचने, समझने और सुनने की क्षमता खो दी है। चौहान ने यहां संवाददाताओं से...
भोपालः केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने मंगलवार को कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विरोध में विपक्षी पार्टी इतनी 'अंधी' हो गई है कि उसने सोचने, समझने और सुनने की क्षमता खो दी है। चौहान ने यहां संवाददाताओं से बातचीत में आरोप लगाया कि कांग्रेस की बुद्धि भ्रष्ट हो गई है और उसका मौजूदा व्यवहार एवं भाषा उसके पतन की पराकाष्ठा है।
केंद्रीय कृषि मंत्री की यह टिप्पणी मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को वापस लेने और मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने की मांग को लेकर कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों के प्रदर्शनों के बीच आई है।
चौहान ने कहा, ''प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विरोध में कांग्रेस इतनी अंधी हो गई है कि उसने सोचने, समझने और सुनने की क्षमता खो दी है।'' उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस जिस तरह की भाषा का इस्तेमाल कर रही है, वह उसके पतन के ताबूत में आखिरी कील साबित होगी। आगामी त्योहारों के दौरान कांग्रेस के राजनीतिक एजेंडे पर निशाना साधते हुए चौहान ने आरोप लगाया कि विपक्षी पार्टी राष्ट्रीय हितों को दांव पर लगा रही है और आम नागरिकों तथा व्यापारियों की चिंताओं की अनदेखी कर रही है।
विपक्षी गठबंधन 'इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इंक्लूसिव अलायंस' (इंडिया) ने एसआईआर में कथित अनियमितताओं को लेकर मुख्य निर्वाचन आयुक्त के इस्तीफे की मांग पर सरकार पर दबाव बढ़ाने के लिए एक नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में रैली करने की घोषणा की है। व्यापारियों ने विपक्षी गठबंधन के प्रमुख घटक कांग्रेस से रैली 10 नवंबर के बाद आयोजित करने पर विचार करने का अनुरोध किया है। उनका कहना है कि दिवाली के बाद तक रैली टालने से साल के सबसे व्यस्त कारोबारी दौर में व्यापारिक गतिविधियों को बनाए रखने में मदद मिलेगी।
चौहान ने कहा, ''जब कारोबारी और व्यापारी चाहते हैं कि दिवाली के दौरान सामान्य रूप से व्यापार हो, ताकि लोग खरीदारी कर सकें और त्योहार मना सकें, तब कांग्रेस अपने राजनीतिक एजेंडे के लिए इसे बाधित करने पर अड़ी हुई है।'' उन्होंने आगे आरोप लगाया कि कांग्रेस को देश, नागरिकों या अर्थव्यवस्था की चिंता नहीं है और उसके लिए राजनीतिक हितों के अलावा कुछ भी सर्वोपरि नहीं है।