Income Tax New Rules: 1 अप्रैल 2026 से बदल जाएगा टैक्स का पूरा सिस्टम, जानें आम आदमी पर क्या पड़ेगा असर?

Edited By Updated: 09 Feb, 2026 11:37 AM

the entire tax will change from april 1 2026  learn how this will

देश में इनकम टैक्स से जुड़े कानूनों में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। सरकार ने नए इनकम टैक्स एक्ट 2025 और उससे जुड़े नियमों का ड्राफ्ट जारी कर दिया है। यह नया कानून 1 अप्रैल 2026 से पूरे देश में लागू होगा। इसका मतलब है कि यह नियम वित्त वर्ष 2026-27 की...

नेशनल डेस्क: देश में इनकम टैक्स से जुड़े कानूनों में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। सरकार ने नए इनकम टैक्स एक्ट 2025 और उससे जुड़े नियमों का ड्राफ्ट जारी कर दिया है। यह नया कानून 1 अप्रैल 2026 से पूरे देश में लागू होगा। इसका मतलब है कि यह नियम वित्त वर्ष 2026-27 की आय पर लागू होंगे और इसका असेसमेंट ईयर 2027-28 होगा। सरकार ने साफ किया है कि 31 मार्च 2026 तक अर्जित आय पर अभी भी पुराना इनकम टैक्स एक्ट 1961 ही मान्य रहेगा। नए कानून को लेकर सेंट्रल बोर्ड ऑफ डायरेक्ट टैक्सेस (CBDT) ने ड्राफ्ट नियम सार्वजनिक कर दिए हैं और आम लोगों से सुझाव मांगे हैं।

22 फरवरी 2026 तक दे सकते हैं सुझाव
सरकार ने बताया है कि कोई भी व्यक्ति या स्टेकहोल्डर इन ड्राफ्ट नियमों पर 22 फरवरी 2026 तक अपनी राय या सुझाव भेज सकता है। इसके बाद सरकार सभी सुझावों की समीक्षा कर फाइनल नोटिफिकेशन जारी करेगी। हालांकि कानून नया होगा, लेकिन फिलहाल टैक्स स्लैब में कोई बदलाव नहीं किया गया है। सरकार का मुख्य उद्देश्य टैक्स से जुड़ी प्रक्रियाओं को सरल और पारदर्शी बनाना है।


नए इनकम टैक्स नियमों में क्या बदलेगा?
सरकार इन बदलावों के जरिए टैक्स सिस्टम को आसान और यूजर-फ्रेंडली बनाना चाहती है। ड्राफ्ट नियमों में कई अहम सुधार किए गए हैं:
नियमों की संख्या कम: पहले जहां 511 नियम थे, अब उन्हें घटाकर 333 कर दिया गया है।
फॉर्म्स की संख्या घटी: पहले 399 फॉर्म्स थे, जिन्हें अब सिर्फ 190 तक सीमित कर दिया गया है।
नए स्मार्ट ITR फॉर्म्स: इनकम टैक्स रिटर्न फॉर्म अब ज्यादा आसान होंगे। इनमें कई जानकारियां पहले से भरी होंगी, जिससे गलतियों की संभावना कम होगी। सरल भाषा का इस्तेमाल: नियमों की भाषा को आसान बनाया गया है ताकि आम लोग बिना किसी टैक्स एक्सपर्ट की मदद के भी इन्हें समझ सकें।


ITR फाइल करने की नई डेडलाइन (प्रस्तावित)
बजट 2026 और नए टैक्स एक्ट के तहत रिटर्न फाइलिंग की तारीखों में भी कुछ बदलाव सुझाए गए हैं: ITR-1 और ITR-2: अंतिम तारीख पहले की तरह 31 जुलाई ही रहेगी। नॉन-ऑडिट बिजनेस और ट्रस्ट: इनके लिए डेडलाइन बढ़ाकर 31 अगस्त करने का प्रस्ताव है। अब गलती सुधारने के लिए 31 मार्च तक (नाममात्र की फीस के साथ) संशोधित रिटर्न दाखिल किया जा सकेगा।


क्या होगा आम टैक्सपेयर्स को फायदा?
नए इनकम टैक्स एक्ट का मकसद टैक्स फाइलिंग को कम जटिल बनाना, फॉर्म्स की संख्या घटाना और डिजिटल सिस्टम को मजबूत करना है। इससे आम टैक्सपेयर्स को रिटर्न भरने में आसानी होगी और प्रोफेशनल मदद पर निर्भरता भी कम हो सकती है।

Related Story

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!