Edited By Prachi Sharma,Updated: 16 Mar, 2026 01:22 PM

Chaitra Navratri 2026 : हिंदू पंचांग के अनुसार, चैत्र नवरात्रि का पर्व शक्ति की उपासना का सबसे बड़ा उत्सव माना जाता है। साल 2026 में चैत्र नवरात्रि का प्रारंभ 19 मार्च, गुरुवार से होने जा रहा है। ज्योतिष शास्त्र में नवरात्रि के प्रारंभ के दिन के...
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Chaitra Navratri 2026 : हिंदू पंचांग के अनुसार, चैत्र नवरात्रि का पर्व शक्ति की उपासना का सबसे बड़ा उत्सव माना जाता है। साल 2026 में चैत्र नवरात्रि का प्रारंभ 19 मार्च, गुरुवार से होने जा रहा है। ज्योतिष शास्त्र में नवरात्रि के प्रारंभ के दिन के आधार पर माता रानी की सवारी का निर्धारण होता है, जो आने वाले समय के शुभ-अशुभ संकेतों को दर्शाता है। 2026 में मां दुर्गा का आगमन डोली पर हो रहा है। देवी भागवत पुराण के अनुसार, जब मां डोली पर आती हैं, तो इसका प्रभाव देश-दुनिया और सभी राशियों पर गहरा पड़ता है। विशेष रूप से 5 ऐसी राशियां हैं, जिनके लिए मां का यह आगमन किसी वरदान से कम नहीं होगा।
मां दुर्गा का डोली पर आगमन
चूंकि 2026 में नवरात्रि का आरंभ गुरुवार को हो रहा है इसलिए मां दुर्गा का वाहन 'दोला' यानी डोली होगा। ज्योतिषीय दृष्टि से डोली पर आगमन मिश्रित फलदायी माना जाता है, जो राजनीति में उथल-पुथल लेकिन भक्ति मार्ग पर चलने वालों के लिए सुख-साधन में वृद्धि का संकेत है।
इन 5 राशियों की चमकेगी किस्मत
मेष राशि (Aries)
मेष राशि के जातकों के लिए चैत्र नवरात्रि खुशियों की सौगात लेकर आएगी। अटका हुआ धन वापस मिल सकता है। निवेश के लिए यह समय उत्तम रहेगा। नौकरीपेशा लोगों को प्रमोशन या नई जिम्मेदारी मिल सकती है।
उपाय: नवरात्रि के नौ दिनों तक मां शैलपुत्री को लाल फूल अर्पित करें।
वृषभ राशि
वृषभ राशि वालों के लिए मां का डोली पर आना भौतिक सुख-सुविधाओं में बढ़ोतरी करेगा। भूमि या वाहन खरीदने के योग बन रहे हैं। घर में चल रहे कलह समाप्त होंगे और शांति का वातावरण बनेगा।
उपाय: मां महागौरी की पूजा करें और कन्या पूजन में सफेद मिठाई बांटें।

कन्या राशि
कन्या राशि के जातकों के लिए यह नवरात्रि मानसिक शांति और विजय दिलाने वाली होगी। व्यापारियों को नए सौदे मिल सकते हैं जिससे मुनाफे में भारी वृद्धि होगी। विद्यार्थियों के लिए एकाग्रता बढ़ेगी और प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता के योग हैं।
उपाय: मां ब्रह्मचारिणी की उपासना करें और 'ॐ ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे' मंत्र का जाप करें।
वृश्चिक राशि (Scorpio)
वृश्चिक राशि वालों के साहस और पराक्रम में वृद्धि होगी। आपके काम की सराहना होगी और शत्रुओं पर आपकी विजय निश्चित है। लंबे समय से चली आ रही बीमारी से राहत मिल सकती है।
उपाय: मां स्कंदमाता को नीले रंग के पुष्प चढ़ाएं और दुर्गा सप्तशती का पाठ करें।
मीन राशि (Pisces)
चूंकि नवरात्रि गुरुवार से शुरू हो रही है और मीन राशि के स्वामी 'गुरु' हैं, इसलिए यह समय आपके लिए अत्यंत भाग्यशाली है। आध्यात्मिक उन्नति होगी और किसी तीर्थ यात्रा पर जाने का मौका मिल सकता है। अविवाहितों के लिए विवाह के प्रस्ताव आ सकते हैं।
उपाय: मां कात्यायनी की पूजा करें और पीला भोग लगाएं।
