श्रद्धा, उत्साह से मनाया गया खालसा साजना दिवस, गुरुद्वारों में समागम, गुरबाणी-कीर्तन

Edited By Updated: 14 Apr, 2025 07:44 AM

khalsa sajna diwas

नई दिल्ली (नवोदय टाइम्स): दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने खालसा साजना दिवस पूरी श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया। इस अवसर पर समिति के अंतर्गत विभिन्न गुरुद्वारों में धार्मिक समागम किए गए, जबकि मुख्य समारोह गुरुद्वारा मजनू का टीला में  किया गया।

शास्त्रों की बात, जानें धर्म के साथ

नई दिल्ली (नवोदय टाइम्स): दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने खालसा साजना दिवस पूरी श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया। इस अवसर पर समिति के अंतर्गत विभिन्न गुरुद्वारों में धार्मिक समागम किए गए, जबकि मुख्य समारोह गुरुद्वारा मजनू का टीला में  किया गया। 

समारोह को संबोधित करते हुए कमेटी के अध्यक्ष सरदार हरमीत सिंह कालका और महासचिव सरदार जगदीप सिंह काहलों ने कहा कि गुरु गोबिंद सिंह साहिब जी ने 13 अप्रैल, 1699 को श्री आनंदपुर साहिब की पवित्र धरती पर खालसा पंथ की स्थापना की थी। उन्होंने कहा कि गुरु साहिब ने जुल्म और अत्याचार के खिलाफ लड़ने के लिए खालसा सेना खड़ी की और गुरु साहिब ने 14 युद्ध लड़े और सभी में विजय प्राप्त की। गुरु साहिब ने खालसा पंथ की रचना की और आज हमारी जिम्मेदारी है कि हम गुरु साहिब से जुड़े सभी दिवस मनाएं और गुरु साहिब का गुणगान करें।  गुरु तेग बहादुर साहिब के 350वें शहीदी दिवस को समर्पित श्री सहज पाठ का उद्घाटन 15 अप्रैल को भाई लक्खी शाह वंजारा हॉल, गुरुद्वारा रकाबगंज में किया जाएगा।

सुगम पाठ की शृंखला के लिए संगत को उनके घरों तक श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की प्रतियां उपलब्ध करवाई जाएंगी। लाल किले पर 25 नवम्बर को गुरु तेग बहादुर साहिब का शहीदी दिवस बड़े पैमाने पर मनाए जाने की जानकारी देते हुए उन्होंने बताया कि 18 अप्रैल को गुरु तेग बहादुर की जयंती है, जिस दौरान गुरुद्वारा शीशगंज साहिब में दीवान सजाया जाएगा। दिल्ली फतेह दिवस 19 और 20 अप्रैल को मनाया जाएगा, जिसमें 19 को कीर्तन दरबार में उच्च श्रेणी के रागी भाग लेंगे, वहीं 20 अप्रैल को एक आम मार्च किया जाएगा, जिसमें खालसा आर्मी, निहंग सिंह संगठन और अन्य बल शामिल होंगे और इसका समापन लाल किले पर होगा। हरमीत कालका व जगदीप सिंह काहलों ने बताया कि दिल्ली गुरुद्वारा कमेटी ने भारत सरकार के अल्पसंख्यक मामलों के मंत्रालय के साथ एक समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं, जिसके तहत 30,000 सिख युवाओं को हुनरमंद बनाने के लिए निशुल्क कौशल विकास पाठ्यक्रम चलाए जाएंगे। भारत सरकार इस कार्यक्रम पर 100 करोड़ रुपए खर्च करेगी। 

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!