Edited By Tanuja,Updated: 10 Feb, 2026 01:15 PM

ईरान-अमेरिका तनाव के बीच एक ईरानी नागरिक पौरिया हामिदी की मौत का मामला सामने आया है। मौत से पहले उसने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से ईरानी शासन के साथ किसी भी समझौते को न करने और विदेशी दखल की अपील की थी।
International Desk: ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव के माहौल में एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई है। ईरान के दक्षिणी बंदरगाह शहर बुशहर के रहने वाले एक व्यक्ति पौरिया हामिदी ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। आत्महत्या से पहले उसने सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट किया, जिसमें उसने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से ईरान के मौजूदा शासन के साथ किसी भी तरह की बातचीत या समझौता न करने की अपील की थी। करीब 10 मिनट 44 सेकंड का यह वीडियो 5 फरवरी को हामिदी ने अपने यूट्यूब चैनल ‘PoorY X’ पर अपलोड किया था। वीडियो में उसने कहा, “अगर आप यह वीडियो देख रहे हैं, तो मैं अब जिंदा नहीं हूं।” उसने दावा किया कि ईरान में विरोध प्रदर्शनों के दौरान 40 हजार से अधिक लोग मारे गए हैं और हालात को रूस-यूक्रेन तथा इजरायल-फिलिस्तीन युद्ध से भी ज्यादा भयावह बताया।
Pouria Hamidi, 28, from Bushehr, took his own life last night. Before that, he posted a video on YouTube urging the U.S. and @POTUS not to make a deal with the Islamic Republic. Please help share Pouria’s final message with the world.
Pouria took his own life to save many more pic.twitter.com/Pr2gMcHpUN
— آیزاک چوبی (@mothehs) February 8, 2026
ट्रंप प्रशासन से सीधी अपील
हामिदी ने वीडियो में कहा कि उसका मकसद ईरान में हो रहे विरोध प्रदर्शनों पर की जा रही कथित जानलेवा कार्रवाई की ओर दुनिया का ध्यान खींचना था। उसने कहा कि देश में असहमति की हर आवाज को बेरहमी से दबाया जा रहा है और आम लोगों के पास कोई उम्मीद नहीं बची है। अंग्रेजी में रिकॉर्ड किए गए वीडियो में हामिदी ने सीधे अमेरिकी नेतृत्व को संबोधित करते हुए कहा कि ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के शासन के साथ कोई भी राजनयिक समझौता उन हजारों लोगों के साथ विश्वासघात होगा, जो विरोध प्रदर्शनों के दौरान मारे गए। उसने अपने वीडियो को कैप्शन दिया, “यह मेरी कुर्बानी है, प्लीज मेरे देश को आजाद करो।”पौरिया हामिदी की आत्महत्या ने ईरान में जारी राजनीतिक दमन, जन असंतोष और अंतरराष्ट्रीय तनाव को एक बार फिर वैश्विक बहस के केंद्र में ला दिया है। यह घटना न केवल ईरान की आंतरिक स्थिति पर सवाल उठाती है, बल्कि अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव की मानवीय कीमत को भी उजागर करती है।
“We, the people of Iran, are lonely people. We have no one—so please, let’s look out for each other.”#Pouria_Hamidi — after recording this video, he ended his own life.
"ما مردم ایران آدمهای تنهایی هستیم، هیچکس نداریم، پس لطفا هوای هم داشته باشیم"
#پوریا_حمیدی بعد ضبط این… pic.twitter.com/evBr0UvRDo
— Paniz (@Panizachi) February 9, 2026
‘अमेरिकी हमला ही आखिरी उम्मीद’
हामिदी ने कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरानियों से विरोध जारी रखने की बात कही थी और लोगों ने उस भरोसे पर सड़कों पर उतरकर विरोध किया। उसने दावा किया कि अब ईरानी जनता इस सरकार से अकेले नहीं लड़ सकती और विदेशी हस्तक्षेप की जरूरत है। उसके अनुसार, अमेरिका द्वारा ईरान पर हमला ही मौजूदा हालात में एकमात्र उम्मीद बची है। वीडियो में हामिदी ने अपनी मानसिक हालत का भी जिक्र किया। उसने कहा कि वह न ठीक से खा पा रहा है, न सो पा रहा है और न ही रो पा रहा है। उसने कहा कि ऐसे देश में पैदा होना, जिसका कोई भविष्य न दिखे, बेहद दर्दनाक है। इसके बावजूद उसे उम्मीद थी कि एक दिन ईरान के लोगों का भविष्य बदलेगा।