Edited By Rohini Oberoi,Updated: 10 Feb, 2026 09:16 AM

पूर्वोत्तर भारत के दो राज्यों, अरुणाचल प्रदेश और सिक्किम में भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। जब लोग रात की गहरी नींद में थे तब जमीन हिलने से हड़कंप मच गया। हालांकि राहत की बात यह है कि अभी तक जान-माल के किसी बड़े नुकसान की खबर नहीं मिली है।
Earthquake : पूर्वोत्तर भारत के दो राज्यों, अरुणाचल प्रदेश और सिक्किम में भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। जब लोग रात की गहरी नींद में थे तब जमीन हिलने से हड़कंप मच गया। हालांकि राहत की बात यह है कि अभी तक जान-माल के किसी बड़े नुकसान की खबर नहीं मिली है।
अरुणाचल: रात 12.58 बजे आया भूकंप
नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी (NCS) के मुताबिक अरुणाचल प्रदेश के पश्चिमी कामेंग जिले में देर रात करीब 1 बजे (12:58 AM) भूकंप के झटके महसूस किए गए। रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 3.1 मापी गई। भूकंप का केंद्र जमीन से 10 किलोमीटर नीचे दर्ज किया गया।
सिक्किम: सुबह-सुबह फिर हिली धरती
अरुणाचल के कुछ घंटों बाद ही सिक्किम के नामची में भी भूकंप के झटके महसूस हुए। सुबह 5 बजकर 38 मिनट पर लोग कंपन से जाग गए। यहां भूकंप का केंद्र जमीन के अंदर केवल 5 किमी की गहराई पर था।
वैज्ञानिक नजरिया: आखिर क्यों आती है ऐसी आपदा?
धरती के नीचे होने वाली हलचल ही भूकंप का मुख्य कारण है। हमारी धरती चार परतों से बनी है, जिनके ऊपर टैक्टोनिक प्लेट्स होती हैं। ये प्लेट्स हर साल अपनी जगह से 4-5 मिमी खिसकती हैं। खिसकने के दौरान जब ये प्लेट्स आपस में टकराती हैं तो उससे पैदा होने वाली ऊर्जा ही भूकंप के रूप में सतह को हिला देती है।
सावधानी ही बचाव है: क्या करें और क्या न करें?
भूकंप जैसी स्थिति में घबराने के बजाय सही कदम उठाना जान बचा सकता है:
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खुले में जाएं: झटके महसूस होते ही तुरंत घर से बाहर किसी खुले मैदान में निकल जाएं।
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मजबूत सहारा: यदि बाहर निकलना मुमकिन न हो तो किसी मजबूत मेज या बेड के नीचे छिप जाएं।
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लिफ्ट का त्याग: ऊंची इमारतों में रहने वाले लोग सीढ़ियों का प्रयोग करें लिफ्ट का इस्तेमाल जानलेवा हो सकता है।
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दूरी बनाएं: बिजली के खंभों, पेड़ों और कांच की खिड़कियों से दूर खड़े हों।