Edited By Rohini Oberoi,Updated: 31 Mar, 2026 04:25 PM

बच्चों की ऑनलाइन सुरक्षा को लेकर ऑस्ट्रेलिया दुनिया का सबसे सख्त देश बन गया है। 16 साल से कम उम्र के बच्चों पर सोशल मीडिया प्रतिबंध (Social Media Ban) लागू करने के बाद अब ऑस्ट्रेलिया सरकार ने नियमों का उल्लंघन करने वाले 5 बड़े सोशल मीडिया...
Australia Social Media Ban for Minors : बच्चों की ऑनलाइन सुरक्षा को लेकर ऑस्ट्रेलिया दुनिया का सबसे सख्त देश बन गया है। 16 साल से कम उम्र के बच्चों पर सोशल मीडिया प्रतिबंध (Social Media Ban) लागू करने के बाद अब ऑस्ट्रेलिया सरकार ने नियमों का उल्लंघन करने वाले 5 बड़े सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के खिलाफ आधिकारिक जांच शुरू कर दी है। सरकार ने साफ कर दिया है कि अगर इन कंपनियों को ऑस्ट्रेलिया में व्यापार करना है तो उन्हें यहां के कड़े कानूनों को मानना ही होगा।
क्या है पूरा मामला?
ऑस्ट्रेलिया ने दिसंबर 2025 में एक ऐतिहासिक कानून लागू किया था जिसके तहत 16 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया का इस्तेमाल प्रतिबंधित कर दिया गया था। ई-सेफ्टी कमिश्नर ने अपनी रिपोर्ट में फेसबुक और इंस्टाग्राम सहित पांच प्रमुख प्लेटफॉर्म्स की कार्यप्रणाली पर गंभीर चिंता जताई है। जांच में पाया गया कि ये प्लेटफॉर्म बच्चों को उम्र सत्यापन (Age Verification) के गलत तरीके आजमाने की छूट दे रहे हैं और उम्र-सीमा से कम वाले खातों की रिपोर्ट करने की सुविधा भी ठीक से नहीं दे रहे हैं।
भारी जुर्माने की तलवार
ऑस्ट्रेलियाई सरकार के नियमों के मुताबिक जो कंपनियां बच्चों को रोकने के लिए पर्याप्त कदम नहीं उठाएंगी उन्हें 4.95 करोड़ ऑस्ट्रेलियाई डॉलर (लगभग 272 करोड़ भारतीय रुपये) तक का भारी-भरकम जुर्माना भरना पड़ सकता है।
नियम मानो या बाहर जाओ
ऑस्ट्रेलिया की संचार मंत्री अनिका वेल्स ने सख्त लहजे में कहा, "हमें उम्मीद है कि ऑनलाइन सेफ्टी वॉचडॉग उन कंपनियों पर कड़ी कार्रवाई करेगा जो अपनी कानूनी जिम्मेदारियों से भाग रही हैं। अगर इन कंपनियों को ऑस्ट्रेलिया में रहना है तो उन्हें हमारे कानूनों का पालन करना होगा।" ई-सेफ्टी कमिश्नर जूली इनमैन ग्रांट ने पुष्टि की है कि उनका विभाग अब इन प्रतिबंधों को सख्ती से लागू करने के 'एक्शन मोड' में आ गया है।
47 लाख अकाउंट्स पर चली कैंची
सरकारी आंकड़ों के अनुसार इस कानून का असर दिखना शुरू हो गया है:
बड़ी कार्रवाई: 10 दिसंबर को बैन लागू होने के बाद से अब तक सोशल मीडिया कंपनियों ने 16 साल से कम उम्र के बच्चों के लगभग 47 लाख (4.7 Million) अकाउंट्स को डीएक्टिवेट या बंद कर दिया है।
कड़ा संदेश: सरकार का लक्ष्य बच्चों को सोशल मीडिया के मानसिक और साइबर खतरों से पूरी तरह सुरक्षित रखना है।