Edited By Tanuja,Updated: 22 Jul, 2026 07:04 PM

ग्रीस से जर्मनी जा रही रयानएयर की फ्लाइट में टेकऑफ के बाद खिड़की का शीशा टूटने से केबिन का एयर प्रेशर खत्म हो गया। तेज हवा के दबाव में 61 वर्षीय यात्री का आधा शरीर विमान के बाहर खिंच गया। सीट बेल्ट और यात्रियों की मदद से उसकी जान बच गई। मामले की...
International Desk: ग्रीस से जर्मनी जा रही रयानएयर (Ryanair) की एक उड़ान में ऐसा खौफनाक हादसा हुआ, जिसने यात्रियों की सांसें रोक दीं। उड़ान भरने के कुछ ही देर बाद विमान की एक खिड़की टूट गई। अचानक केबिन का एयर प्रेशर गिरा और तेज हवा के दबाव में एक यात्री का आधा शरीर विमान के बाहर खिंच गया। राहत की बात यह रही कि सीट बेल्ट बंधी होने की वजह से उसकी जान बच गई। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, 61 वर्षीय सर्बियाई कारोबारी ल्यूबिशा कारोविच ग्रीस से जर्मनी जा रही रयानएयर की फ्लाइट में 11F खिड़की वाली सीट पर बैठे थे। टेकऑफ के कुछ ही मिनट बाद उनकी सीट के पास लगी खिड़की का शीशा अचानक टूट गया।
खिड़की टूटते ही विमान के अंदर का एयर प्रेशर तेजी से कम हो गया और तेज हवा के दबाव ने कारोविच को खिड़की की ओर खींच लिया और आधा शरीर विमान के बाहर चला गया। कारोविच के वकील वासिलिस त्सियारास के मुताबिक, हादसे के समय विमान करीब 15,000 फीट की ऊंचाई पर लगभग 600 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से उड़ रहा था। उन्होंने बताया कि एयर प्रेशर खत्म होते ही कारोविच का सिर और दायां हाथ विमान के बाहर निकल गया। कुछ समय तक वह आधे विमान के अंदर और आधे बाहर लटके रहे। कारोविच ने बताया कि अगर उन्होंने सीट बेल्ट नहीं लगाई होती तो शायद वह विमान से बाहर गिर जाते।
उन्होंने कहा, "जब भी आंखें बंद करता हूं, उस धमाके की आवाज आज भी सुनाई देती है। मुझे आगे क्या हुआ, बहुत कम याद है। मैं भगवान का शुक्रगुजार हूं कि आज जिंदा हूं।" हादसे के समय उनकी पत्नी स्वेतलाना विमान में उनसे तीन पंक्तियां पीछे बैठी थीं। धमाका होते ही वह उनकी ओर दौड़ीं। अन्य यात्रियों और क्रू मेंबर्स ने भी मिलकर उन्हें संभाला। रिपोर्ट के मुताबिक, वह करीब डेढ़ मिनट तक बेहद खतरनाक स्थिति में रहे। अब जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि टेकऑफ के तुरंत बाद विमान की खिड़की कैसे टूट गई और इतनी गंभीर तकनीकी खराबी कैसे हुई। फिलहाल एयरलाइन की ओर से मामले की जांच जारी है।