Edited By Tanuja,Updated: 23 Sep, 2026 04:43 PM

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संयुक्त राष्ट्र महासभा में Artificial Intelligence को ‘Super Intelligence’ कहने की बात कही। उन्होंने ‘Artificial’ शब्द को अनुपयुक्त बताया और अमेरिकी सरकारी दस्तावेजों में नया शब्द इस्तेमाल करने की बात कही। इससे...
New York: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कृत्रिम बुद्धिमत्ता यानी Artificial Intelligence (AI) को नया नाम देने की बात कहकर तकनीकी दुनिया में चर्चा छेड़ दी है। 22 सितंबर को संयुक्त राष्ट्र महासभा में अपने संबोधन के दौरान ट्रंप ने कहा कि अमेरिका अब इसे ‘Super Intelligence’ यानी SI कहेगा। उन्होंने ‘Artificial’ शब्द को इस तकनीक की वास्तविक क्षमता के अनुरूप नहीं बताया। ट्रंप ने कहा कि आगे से अमेरिका के सरकारी दस्तावेजों में ‘Artificial Intelligence’ की जगह ‘Super Intelligence’ शब्द इस्तेमाल किया जाएगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि दूसरे देश भी इस शब्द को अपनाएंगे। हालांकि, उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार इस समय यह स्पष्ट नहीं है कि सभी अमेरिकी सरकारी दस्तावेजों में बदलाव लागू करने के लिए औपचारिक प्रशासनिक प्रक्रिया क्या होगी।
‘आर्टिफिशियल’ शब्द पर ट्रंप को आपत्ति
ट्रंप ने अपने संयुक्त राष्ट्र भाषण में कहा कि ‘Artificial Intelligence’ नाम सुनने में ऐसा लगता है जैसे यह कोई नकली चीज हो, जबकि उनके अनुसार यह तकनीक बेहद प्रभावशाली है। उन्होंने इसी आधार पर ‘Super Intelligence’ शब्द को ज्यादा उपयुक्त बताया। दरअसल, नाम बदलने का विचार संयुक्त राष्ट्र महासभा से कुछ दिन पहले ही सामने आ गया था। 19 सितंबर को ट्रंप ने सोशल मीडिया पर लोगों से पूछा था कि क्या ‘Artificial Intelligence’ की जगह कोई दूसरा नाम इस्तेमाल किया जाना चाहिए। उन्होंने Superior Intelligence, Extreme Intelligence और Supreme Intelligence जैसे विकल्प सुझाए थे। इसके बाद कराए गए दूसरे मतदान में Super Intelligence विकल्प को आगे रखा गया और ट्रंप ने बाद की पोस्टों में ‘SI’ शब्द का इस्तेमाल करना शुरू कर दिया। यानी यह नाम अचानक संयुक्त राष्ट्र में नहीं आया, बल्कि उससे पहले सोशल मीडिया पर नाम बदलने की चर्चा और मतदान हो चुका था।
AI Force और AI ‘Czar’ बनाने की भी तैयारी
ट्रंप ने इसी दौरान अमेरिका में ‘AI Force’ बनाने और इस क्षेत्र के लिए एक AI Czar नियुक्त करने की भी घोषणा की है। उन्होंने इसे अपने पहले कार्यकाल में बनाई गई Space Force से जोड़ा। हालांकि, उन्होंने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि प्रस्तावित AI Force की संरचना क्या होगी और उसकी जिम्मेदारियां क्या होंगी।ट्रंप ने कहा था कि AI Czar की नियुक्ति जल्द की जाएगी और इस पद के लिए बेहद तेज दिमाग वाले लोगों की जरूरत होगी। अभी नियुक्ति की निश्चित तारीख और पद की विस्तृत जिम्मेदारियां सार्वजनिक नहीं की गई हैं। ट्रंप ने AI को अमेरिका और चीन के बीच बढ़ती तकनीकी प्रतिस्पर्धा का अहम हिस्सा भी बताया है।
उनका कहना है कि अमेरिका इस क्षेत्र में चीन और दुनिया के अन्य देशों से आगे है और वह इस बढ़त को बनाए रखना चाहता है। ट्रंप ने AI के विकास को धीमा करने की मांगों का भी विरोध किया है। उनका कहना है कि यह तकनीक औद्योगिक क्रांति या इंटरनेट से भी बड़े बदलाव का कारण बन सकती है। वहीं, दुनिया भर में AI की सुरक्षा, नियंत्रण और नियमन को लेकर अलग-अलग विशेषज्ञों और सरकारों के बीच बहस जारी है।
‘Super Intelligence’ शब्द का तकनीकी मतलब
ट्रंप द्वारा इस्तेमाल किया गया Super Intelligence शब्द केवल नया नाम नहीं है। तकनीकी क्षेत्र में इसका इस्तेमाल ऐसी काल्पनिक या संभावित AI प्रणाली के लिए भी किया जाता है जिसकी बौद्धिक क्षमताएं इंसानों से बहुत आगे हों। इसलिए ट्रंप द्वारा सामान्य AI के लिए इस शब्द को अपनाने की बात तकनीकी विशेषज्ञों के बीच अलग चर्चा का विषय बनी है।