Edited By SHUKDEV PRASAD,Updated: 21 Mar, 2026 07:33 PM

बचत बढ़ने के साथ ही निवेश को लेकर लोगों के सामने सबसे बड़ा सवाल खड़ा हो जाता है कि आखिर पैसा कहां लगाया जाए, जिससे सुरक्षा भी बनी रहे और अच्छा रिटर्न भी मिल सके।
नेशनल डेस्क: बचत बढ़ने के साथ ही निवेश को लेकर लोगों के सामने सबसे बड़ा सवाल खड़ा हो जाता है कि आखिर पैसा कहां लगाया जाए, जिससे सुरक्षा भी बनी रहे और अच्छा रिटर्न भी मिल सके। मौजूदा समय में बैंक FD, पोस्ट ऑफिस की स्कीम्स और इक्विटी म्यूचुअल फंड निवेश के सबसे लोकप्रिय विकल्प बने हुए हैं। मार्च 2026 के मौजूदा रेट्स के आधार पर अगर कोई व्यक्ति ₹1 लाख का निवेश 10 साल के लिए करता है, तो इन तीनों विकल्पों में रिटर्न का अंतर काफी बड़ा हो सकता है।
बैंक FD: सुरक्षित निवेश, लेकिन सीमित कमाई
State Bank of India जैसे बड़े बैंकों में फिक्स्ड डिपॉजिट को सबसे सुरक्षित विकल्प माना जाता है।
- ब्याज दर: करीब 6.05% सालाना
- 10 साल में ₹1 लाख — करीब ₹1.8 लाख
- फायदा: गारंटीड रिटर्न, कोई मार्केट रिस्क नहीं
हालांकि, इसमें रिटर्न सीमित होता है, इसलिए यह कम जोखिम लेने वाले निवेशकों के लिए उपयुक्त है।
पोस्ट ऑफिस KVP: पैसा दोगुना करने का भरोसेमंद तरीका
Kisan Vikas Patra एक सरकारी योजना है, जिसमें निवेश तय समय में दोगुना हो जाता है।
- ब्याज दर: करीब 7.5%
- मैच्योरिटी: 115 महीने (करीब 9 साल 7 महीने)
- 10 साल में ₹1 लाख — ₹2 लाख या उससे अधिक
यह विकल्प उन लोगों के लिए बेहतर माना जाता है, जो गारंटीड रिटर्न चाहते हैं और पैसा लंबे समय तक लॉक कर सकते हैं।
म्यूचुअल फंड: सबसे ज्यादा रिटर्न, लेकिन जोखिम के साथ
Equity Mutual Fund में निवेश करने पर लंबी अवधि में बेहतर रिटर्न की संभावना रहती है।
- औसत अनुमानित रिटर्न: करीब 12% सालाना
- 10 साल में ₹1 लाख — लगभग ₹3 लाख या उससे अधिक
हालांकि, यह बाजार पर निर्भर करता है और इसमें उतार-चढ़ाव का जोखिम भी बना रहता है।
वित्तीय विशेषज्ञों के अनुसार अगर सुरक्षा प्राथमिकता है तो FD बेहतर विकल्प है। अगर गारंटीड रिटर्न चाहिए तो KVP सही है। अगर ज्यादा मुनाफा चाहते हैं और जोखिम ले सकते हैं तो म्यूचुअल फंड चुनना फायदेमंद हो सकता है।
- निवेश से पहले रखें इन बातों का ध्यान
- अपने वित्तीय लक्ष्य स्पष्ट रखें
- जोखिम सहने की क्षमता का आकलन करें
- लंबी अवधि के लिए ही बाजार आधारित निवेश करें।
₹1 लाख का निवेश कहां करना है, यह पूरी तरह निवेशक की जरूरत और सोच पर निर्भर करता है। जहां FD सुरक्षा देती है, वहीं KVP स्थिर रिटर्न देता है और म्यूचुअल फंड लंबी अवधि में अधिक कमाई का मौका प्रदान करता है।