Edited By Archna Sethi,Updated: 14 Jan, 2026 07:49 PM

42 प्रमुख साइटों की ऑनलाइन नीलामी की पेशकश
चंडीगढ़, 14 जनवरी (अर्चना सेठी) योजनाबद्ध शहरी विकास को गति देने और रियल एस्टेट के अवसरों तक पहुँच बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए पंजाब के आवास एवं शहरी विकास मंत्री हरदीप सिंह मुंडियां ने आज बताया कि ग्रेटर मोहाली एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी (गमाडा) ऑनलाइन प्रक्रिया के माध्यम से 5,460 करोड़ रुपये मूल्य की 42 प्रमुख साइटों की नीलामी करेगी। वर्ष 2026 की पहली मेगा नीलामी 14 जनवरी से 11 फरवरी, 2026 तक आयोजित की जाएगी।
ऑनलाइन नीलामी के लिए प्रस्तुत संपत्तियों में आवासीय प्लॉट, एस.सी.ओ., मिक्स्ड लैंड यूज़, ग्रुप हाउसिंग, अस्पताल तथा होटल हेतु भूमि शामिल है। यह पहल भगवंत मान सरकार की संपत्ति की कीमतों को तर्कसंगत बनाने, पूर्ण पारदर्शिता लागू करने तथा घर खरीदारों, उद्यमियों और संस्थागत निवेशकों की व्यापक भागीदारी सुनिश्चित करने की निवेशक-हितैषी नीति को दर्शाती है।
पंजाब के आवास एवं शहरी विकास मंत्री हरदीप सिंह मुंडियां ने आज ग्रेटर मोहाली अर्बन डेवलपमेंट अथॉरिटी की 42 साइटों को ऑनलाइन नीलामी के लिए प्रस्तुत किया। ऑनलाइन नीलामी में आवासीय प्लॉट, एस.सी.ओ., मिक्स्ड लैंड यूज़, ग्रुप हाउसिंग, अस्पताल और होटल के लिए भूमि उपलब्ध है।
मुंडियां ने बताया कि मुख्यमंत्री पंजाब भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में राज्य के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार की निवेशक-हितैषी नीतियों के चलते राज्य में रियल एस्टेट सेक्टर में बड़े पैमाने पर निवेश हुआ है और इस क्षेत्र को उल्लेखनीय प्रोत्साहन मिला है।
उन्होंने कहा कि आवास एवं शहरी विकास विभाग, पंजाब के अधीन कार्यरत विकास प्राधिकरणों द्वारा समय-समय पर आयोजित ई-नीलामियों को उत्साहजनक प्रतिसाद मिला है। इसी क्रम को आगे बढ़ाते हुए ग्रेटर मोहाली एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी द्वारा वर्ष 2026 की पहली मेगा नीलामी 14 जनवरी, 2026 से 11 फरवरी, 2026 तक आयोजित की जा रही है।
कैबिनेट मंत्री ने बताया कि पंजाब सरकार की पिछली कैबिनेट बैठक के निर्णय के अनुसार, इस नीलामी में प्रस्तुत की जा रही संपत्तियों की कीमतों को तर्कसंगत बनाया गया है, ताकि प्रत्येक वर्ग का व्यक्ति अपनी आवश्यकता के अनुसार संपत्ति आसानी से खरीद सके और अपने घर का सपना पूरा कर सके या नया व्यवसाय शुरू कर सके।
उन्होंने बताया कि नीलामी में प्रस्तुत संपत्तियाँ शहरों के केंद्र में स्थित हैं और अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे, रेलवे स्टेशन तथा सड़क मार्ग जैसे विभिन्न परिवहन साधनों के माध्यम से आसानी से सुलभ हैं।
मुंडियां ने कहा कि पूरी नीलामी प्रक्रिया गमाडा द्वारा पूर्ण पारदर्शिता के साथ कराई जाएगी। उन्होंने बताया कि बोली की पात्रता, साइटों के भुगतान से संबंधित शेड्यूल, विस्तृत विवरण तथा नियम एवं शर्तें नीलामी पोर्टल puda.enivida.com पर उपलब्ध हैं। इस पोर्टल पर पंजीकरण के उपरांत बोलीदाता नीलामी में भाग ले सकते हैं। इसके अतिरिक्त, बोलीदाताओं की सुविधा के लिए गमाडा द्वारा invest.gmada@punjab.gov.in नामक एक नया ई-मेल भी शुरू किया गया है, जिस पर संपत्तियों से संबंधित किसी भी प्रकार की जानकारी प्राप्त की जा सकती है।
कैबिनेट मंत्री ने आशा व्यक्त की कि पिछली सफल नीलामियों की तरह यह नीलामी भी सफल रहेगी, जिससे राज्य के आर्थिक विकास को और गति मिलेगी तथा नीलामी से प्राप्त राजस्व को गमाडा अपने अधिकार क्षेत्र में विकास कार्यों पर व्यय कर नए मानक स्थापित करेगा।‘इन्वेस्ट मोहाली 2026’ नीलामी ने समावेशी और पारदर्शी शहरी विकास के लिए नए अवसर प्रदान किए हैं, जिससे मोहाली उत्तर भारत के सबसे तेजी से बढ़ते निवेश केंद्र के रूप में उभरा है।
पंजाब अपने आर्थिक और शहरी विकास के निर्णायक चरण में प्रवेश कर रहा है, जिसका उद्देश्य न केवल विकास को तेज करना है, बल्कि एक ऐसा विकास मॉडल तैयार करना भी है जो समावेशी हो और वैश्विक मानकों के अनुरूप हो। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार राज्य के सर्वांगीण विकास के लिए लगातार प्रयासरत है। निवेशक-हितैषी नीतियों, पारदर्शी शासन और संस्थागत सुधारों के परिणामस्वरूप कई क्षेत्रों में विकास देखा गया है, जिनमें रियल एस्टेट और शहरी अवसंरचना को और सुदृढ़ व विस्तारित करना शामिल है।
वर्तमान में मोहाली में लगभग 50,000 से 60,000 पेशेवर कार्यरत हैं और आगामी पाँच वर्षों में आई.टी. और जी.सी.सी. क्षेत्रों में रोजगार लगभग दोगुना होने की उम्मीद है, जिससे पंजाब के युवाओं के लिए उच्च गुणवत्ता वाली हजारों नौकरियाँ सृजित होंगी। शहर ने उत्तर भारत के अग्रणी शिक्षा केंद्र के रूप में भी अपनी स्थिति को मजबूत किया है, जहाँ आई.एस.बी. और आई.आई.एस.ई.आर. सहित 27 से अधिक इंजीनियरिंग, मेडिकल और प्रबंधन संस्थानों से हर वर्ष 40,000 से अधिक छात्र स्नातक हो रहे हैं, जिससे उद्योगों के लिए कुशल प्रतिभा सुनिश्चित हो रही है।
मोहाली टियर-1 शहरों की तुलना में कम लागत का लाभ प्रदान करता है—कम कार्यालय किराया, प्रतिस्पर्धी बिजली दरें और अपेक्षाकृत कम आवासीय लागत—जिससे यहाँ कार्यरत कर्मचारियों को लाभ मिल रहा है। 23 से अधिक विभागों को कवर करने वाली एकीकृत सिंगल विंडो प्रणाली के माध्यम से व्यवसाय करने की प्रक्रिया को सरल बनाया गया है, जिसके तहत 30 से 45 दिनों में परियोजना स्वीकृतियाँ दी जा रही हैं। उच्च गुणवत्ता वाला शहरी जीवन, योजनाबद्ध लेआउट, हरित आवरण, बेहतर वायु गुणवत्ता और मजबूत क्षेत्रीय संपर्क शहर को निवासियों और निवेशकों दोनों के लिए और आकर्षक बना रहे हैं।
मोहाली भारत के विकसित और स्वस्थ शहरों में तेजी से उभर रहा है, जिसे सार्वजनिक और निजी क्षेत्रों से बड़े निवेशों का समर्थन मिल रहा है। फोर्टिस हेल्थकेयर ने 900 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश से अपनी मोहाली सुविधा का विस्तार किया है, जिसमें 400 से अधिक नए बेड जोड़े गए हैं और उन्नत स्वास्थ्य सेवाएँ प्रदान की जा रही हैं। साथ ही, मेडिकल टूरिज़्म के लिए क्षेत्रीय केंद्र के रूप में शहर की स्थिति और सुदृढ़ हो रही है। सूचना प्रौद्योगिकी क्षेत्र में, इन्फोसिस द्वारा मोहाली के आई.टी. सिटी में लगभग 300 करोड़ रुपये के निवेश से एक नया कैंपस निर्माणाधीन है, जिससे लगभग 2,500 कौशल-आधारित नौकरियाँ सृजित होने की उम्मीद है।