Edited By Anu Malhotra,Updated: 14 Jul, 2022 11:41 AM

बुखार उतारने वाले Dolo-650 ब्रांड बनाने वाली कंपनी के बारे में एक बड़ा खुलासा हुआ है। दरअसल,कोरोना महामारी के दौरान इस दवा की रिकाॅर्ड तोड़ बिक्री हुई थी। जिसे लेकर अब दवा बनाने वाली कंपनी माइक्रो लैब्स (Micro Lab) को लेकर एक अहम जानकारी सामने आई...
नेशनल डेस्क: बुखार उतारने वाले Dolo-650 ब्रांड बनाने वाली कंपनी के बारे में एक बड़ा खुलासा हुआ है। दरअसल,कोरोना महामारी के दौरान इस दवा की रिकाॅर्ड तोड़ बिक्री हुई थी। जिसे लेकर अब दवा बनाने वाली कंपनी माइक्रो लैब्स (Micro Lab) को लेकर एक अहम जानकारी सामने आई है।
दरअसल, केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) ने डोलो-650 दवा बनाने वाली कंपनी के खिलाफ अपने उत्पादों को बढ़ावा देने के बदले डॉक्टरों और चिकित्सा पेशेवरों को लगभग 1,000 करोड़ रुपए के मुफ्त उपहार देने का आरोप लगाया है। आयकर विभाग ने 6 जुलाई को बेंगलुरु स्थित माइक्रो लैब्स लिमिटेड के 9 राज्यों में 36 परिसरों पर छापेमारी के बाद यह दावा किया है।
सीबीडीटी ने बुधवार को एक बयान में कहा कि दवा निर्माता कंपनी के खिलाफ कार्रवाई के बाद विभाग ने 1.20 करोड़ रुपए की अघोषित नकदी और 1.40 करोड़ रुपये के सोने और हीरे के आभूषण जब्त किए हैं। इस संबंध में माइक्रो लैब्स को भेजे गए ई-मेल का कंपनी ने फिलहाल कोई जवाब नहीं दिया है। CBDT ने कहा कि तलाशी अभियान के दौरान दस्तावेजों और डिजिटल डेटा के रूप में पर्याप्त आपत्तिजनक सबूत मिले हैं और उन्हें जब्त कर लिया गया है।
बोर्ड के अनुसार, सबूतों से संकेत मिलता है कि समूह ने अपने उत्पादों/ब्रांड को बढ़ावा देने के लिए अनैतिक प्रथाओं को अपनाया है। इस तरह के मुफ्त उपहारों की राशि लगभग 1,000 करोड़ रुपए होने का अनुमान है। CBDT ने हालांकि अभी अपने बयान में समूह की पहचान नहीं की है लेकिन सूत्रों ने पुष्टि की है कि यह समूह माइक्रो लैब्स ही है।
गौरतलब है कि मार्च 2020 के बाद से 567 करोड़ रुपये की डोलो 650 गोलियां बिक चुकी हैं। इतना ही नहीं कोरोना काल में इस गोली को एक पसंदीदा 'स्नैक' कहा जा रहा है। वहीं इससे पहले दिसंबर 2021 में डोलो 650 ने 28.9 करोड़ रुपये की बिक्री की।