Edited By Tanuja,Updated: 28 Jul, 2026 03:13 PM

जापान के कुमामोटो प्रांत में 7.1 तीव्रता का शक्तिशाली भूकंप आया, जिसमें कई लोग घायल हुए और एक इमारत ढह गई। 1 मीटर ऊंची सुनामी की चेतावनी जारी की गई है। कई प्रांतों में आपातकालीन अलर्ट लागू है। फिलहाल परमाणु संयंत्र सुरक्षित बताए गए हैं।
International Desk: जापान के दक्षिणी मुख्य द्वीप क्यूशू के कुमामोटो प्रांत में मंगलवार को 7.1 तीव्रता का शक्तिशाली भूकंप आया। जापान मौसम विज्ञान एजेंसी (JMA) के अनुसार, भूकंप का केंद्र समुद्र की सतह से 10 किलोमीटर की गहराई में था। भूकंप के बाद 1 मीटर तक ऊंची सुनामी लहरें उठने की आशंका जताते हुए तटीय क्षेत्रों के लिए सुनामी चेतावनी जारी की गई। प्रशासन ने लोगों से तुरंत ऊंचे और सुरक्षित स्थानों पर जाने तथा सरकारी निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
जापान की प्रधानमंत्री साने ताकाइची ने बताया कि भूकंप के कारण कई लोगों के घायल होने की सूचना मिली है और प्रभावित क्षेत्र में एक इमारत भी ढह गई है। उन्होंने अधिकारियों को नुकसान का तत्काल आकलन करने और राहत एवं बचाव कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए हैं। सरकार ने कुमामोटो, नागासाकी, कागोशिमा, फुकुओका, सागा, ओइता और मियाज़ाकी प्रांतों के लिए आपातकालीन भूकंप चेतावनी जारी की है। सरकारी एजेंसियां स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।
जापान के न्यूक्लियर रेगुलेशन अथॉरिटी ने बताया कि शुरुआती जांच में देश के परमाणु बिजली संयंत्रों में किसी भी तरह की असामान्यता नहीं पाई गई है। सभी संयंत्र सामान्य रूप से काम कर रहे हैं। यह एक सप्ताह के भीतर जापान में आया दूसरा बड़ा भूकंप है। इससे पहले 25 जुलाई को उत्तरी जापान में 7.2 तीव्रता का भूकंप आया था, हालांकि उसमें किसी बड़े नुकसान की खबर नहीं थी।
जापान दुनिया के सबसे अधिक भूकंप प्रभावित देशों में शामिल है। यह प्रशांत महासागर के 'रिंग ऑफ फायर' क्षेत्र में स्थित है, जहां चार प्रमुख टेक्टोनिक प्लेटें मिलती हैं। दुनिया के लगभग 18 प्रतिशत भूकंप इसी क्षेत्र में दर्ज किए जाते हैं। साल 2011 में आए 9.0 तीव्रता के भीषण भूकंप और सुनामी में करीब 18,500 लोगों की मौत या लापता होने की घटना आज भी जापान की सबसे बड़ी प्राकृतिक त्रासदियों में गिनी जाती है। उस आपदा में फुकुशिमा परमाणु संयंत्र भी गंभीर रूप से प्रभावित हुआ था।