Edited By Parveen Kumar,Updated: 21 Apr, 2026 11:59 PM

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मंगलवार को कांग्रेस की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि विपक्षी दल के अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को 'आतंकवादी' कहकर 'सार्वजनिक आचरण की सभी सीमाएं लांघ' दी है और देश को शर्मिंदा' किया है। शाह ने...
नेशनल डेस्क : केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मंगलवार को कांग्रेस की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि विपक्षी दल के अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को 'आतंकवादी' कहकर 'सार्वजनिक आचरण की सभी सीमाएं लांघ' दी है और देश को शर्मिंदा' किया है। शाह ने 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, "कांग्रेस हर दिन अपने आचरण में नए निचले स्तर पर पहुंच रही है और सार्वजनिक चर्चा के स्तर को गिराने में अपना ही रिकॉर्ड तोड़ रही है।"
उन्होंने कहा, "आज (मंगलवार को) कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे जी ने सार्वजनिक आचरण की सभी सीमाओं को लांघ दिया और देश के निर्वाचित प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी को आतंकवादी कहकर देश को शर्मिंदा किया। देश के सर्वोच्च नेता का यह अपमान उन लाखों लोगों का अपमान है जो मोदी जी से प्रेम करते हैं और उनका समर्थन करते हैं।" गृह मंत्री ने कहा कि पिछले 12 साल में देश में आतंकवाद को पूरी तरह से समाप्त करने वाले मोदी जैसे नेता को 'आतंकवादी' कहना अत्यंत निंदनीय है।
उन्होंने कहा, "जब भी कांग्रेस, मोदी जी के खिलाफ अपशब्द कहती है, तो भारत की जनता ही उन्हें जवाब देती है। इस बार भी जनता ही जवाब देगी।" खरगे ने मंगलवार को मोदी पर सरकारी तंत्र और केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग कर विपक्ष को दबाने व राजनीतिक दलों को "आतंकित" करने का आरोप लगाया था, जिसपर सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। भाजपा ने प्रधानमंत्री को "आतंकवादी" कहने के लिए विपक्षी नेता की आलोचना की।
खरगे ने चेन्नई में कांग्रेस महासचिव के.सी. वेणुगोपाल के साथ एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करने के दौरान भाजपा के साथ ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कषगम (अन्नाद्रमुक) के गठबंधन की आलोचना करते हुए मोदी को "आतंकवादी" कहा। पेरियार और सी.एन. अन्नादुरई की द्रविड़ विचारधाराओं में रची-बसी अन्नाद्रमुक मोदी के साथ गठबंधन को कैसे उचित ठहरा सकती है, इस पर खरगे ने कहा, "ये अन्नाद्रमुक के लोग, जिन्होंने खुद अन्नादुरई की तस्वीर लगाई है... वे मोदी के साथ कैसे जुड़ सकते हैं? वह (मोदी) एक आतंकवादी है। वह समानता में विश्वास नहीं करते। उनकी पार्टी समानता और न्याय में विश्वास नहीं करती। और ये लोग (अन्नाद्रमुक) उनके साथ जुड़ रहे हैं, जिसका मतलब है कि वे लोकतंत्र को कमजोर कर रहे हैं।"
वहीं केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के खिलाफ की गई खरगे की टिप्पणी की कड़ी आलोचना करते हुए इसे 'निंदनीय' और देश की लोकतांत्रिक गरिमा का अपमान बताया। प्रधान ने 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, "कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के खिलाफ की गई अपमानजनक टिप्पणी न केवल निंदनीय है, बल्कि राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस की पूरी तरह से कमजोर और पतित मानसिकता को भी दर्शाती है।" उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के लिए ऐसी भाषा का प्रयोग करना 1.4 अरब लोगों के जनादेश पर हमला है। केंद्रीय मंत्री ने कहा, "जनता पहले ही कांग्रेस की नकारात्मक और राष्ट्रविरोधी राजनीति को नकार चुकी है।
विपक्षी दल के पास न तो कोई दूरदृष्टि है, न ही कोई विश्वसनीय नेतृत्व और न ही राष्ट्रीय हित में कोई एजेंडा। केवल झूठ, गलत सूचना और निम्न स्तर की बयानबाजी ही पार्टी की पहचान बन गई है।" केंद्रीय कोयला मंत्री जी. किशन रेड्डी ने भी खरगे की कड़ी आलोचना करते हुए पूछा कि क्या इस तरह की 'घृणा से भरी' आलोचना कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व और उसके नेता राहुल गांधी द्वारा निर्देशित है? उन्होंने कहा कि खरगे को अपनी टिप्पणी के लिए देश की जनता से बिना शर्त माफी मांगनी चाहिए।
रेड्डी ने कहा कि लोकतांत्रिक रूप से चुने गए प्रधानमंत्री को 'आतंकवादी' कहना न केवल गैरजिम्मेदाराना है, बल्कि जानबूझकर किया गया है और यह उन 1.47 अरब देशवासियों का अपमान है जिन्होंने उन पर (मोदी पर) अपना विश्वास जताया है। उन्होंने कहा कि इस तरह की भाषा राजनीतिक चर्चा का स्तर गिराती है। रेड्डी ने 'एक्स' पर एक पोस्ट में पूछा, "यह पहली बार नहीं है कि कांग्रेस और उसके नेता देश के चुने हुए और प्रधानमंत्री का अपमान कर रहे हैं। क्या प्रधानमंत्री मोदी की यह निम्न स्तर की घृणा से भरी आलोचना कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व और उसके नेता राहुल गांधी द्वारा निर्देशित है?"