Edited By Parveen Kumar,Updated: 23 Sep, 2026 06:55 PM

कनाडा में लॉरेंस बिश्नोई गैंग के खिलाफ सुरक्षा और इमिग्रेशन एजेंसियों की कार्रवाई तेज हो गई है। कनाडाई बॉर्डर सर्विसेज एजेंसी (CBSA) के सूत्रों और स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, गैंग से जुड़े करीब 200 लोगों को देश छोड़ने के आदेश दिए गए हैं।...
नेशनल डेस्क : कनाडा में लॉरेंस बिश्नोई गैंग के खिलाफ सुरक्षा और इमिग्रेशन एजेंसियों की कार्रवाई तेज हो गई है। कनाडाई बॉर्डर सर्विसेज एजेंसी (CBSA) के सूत्रों और स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, गैंग से जुड़े करीब 200 लोगों को देश छोड़ने के आदेश दिए गए हैं। इनमें से लगभग 111 लोगों को अब तक कनाडा से डिपोर्ट किया जा चुका है। एजेंसियों के मुताबिक, लॉरेंस बिश्नोई ग्रुप उनकी प्राथमिकता वाले लक्ष्यों में शामिल है।
इसी कार्रवाई के बीच 25 वर्षीय भारतीय नागरिक जशनदीप सिंह का मामला भी सामने आया है। जशनदीप दिसंबर 2022 में छात्र के तौर पर कनाडा पहुंचा था। कनाडा के इमिग्रेशन एंड रिफ्यूजी बोर्ड ने जुलाई में उसे देश में रहने के लिए अयोग्य करार देते हुए बाहर भेजने का आदेश दिया। पुलिस का आरोप है कि जशनदीप का संबंध लॉरेंस बिश्नोई के अंतरराष्ट्रीय आपराधिक नेटवर्क से था।
बर्थडे पार्टी के वीडियो से खुला मामला
जशनदीप के खिलाफ कार्रवाई में अगस्त 2025 में एडमंटन में हुई एक बर्थडे पार्टी का वीडियो भी अहम बताया जा रहा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस पार्टी में बिश्नोई गैंग से जुड़े बताए जा रहे अर्शदीप सिंह भी मौजूद था। अर्शदीप को गैंग का कथित 'मिडिल मैनेजर' बताया गया है और उसे 2026 में कनाडा से डिपोर्ट किया जा चुका है।
वीडियो में पार्टी के दौरान एक पिस्टल लोगों के बीच दिखाई देती है। इसके बाद समूह के ग्रामीण इलाके में जाने का दावा किया गया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, वीडियो में अर्शदीप कथित तौर पर पिस्टल से हवा में कम से कम पांच गोलियां चलाता नजर आता है। पुलिस को मौके से इस्तेमाल किए गए कारतूस के खोखे भी मिले थे।
हथियार को फायरिंग की घटना से जोड़कर जांच
जांच के दौरान इस हथियार को ब्रिटिश कोलंबिया के सरे स्थित एक कैफे में हुई फायरिंग से जोड़कर देखा गया। यह मामला कनाडा के लोअर मेनलैंड क्षेत्र में कथित जबरन वसूली से जुड़ी गोलीबारी की जांच का हिस्सा था। इसी जांच के दौरान जशनदीप भी पुलिस के रडार पर आया।
इमिग्रेशन सुनवाई के दौरान जशनदीप ने बिश्नोई गैंग से किसी भी संबंध से इनकार किया। हथियार वाले वीडियो को लेकर भी उसने अलग-अलग दलीलें दीं। रिपोर्ट्स के अनुसार, इमिग्रेशन बोर्ड ने उसके बयानों में विरोधाभास पाए और उन्हें विश्वसनीय नहीं माना।
गैंग पर टेरर और एक्सटॉर्शन समेत कई आरोप
लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े लोगों पर कनाडा में आतंकवाद, जबरन वसूली, ड्रग्स और कॉन्ट्रैक्ट किलिंग जैसी आपराधिक गतिविधियों में शामिल होने के आरोप लगते रहे हैं। इसी बीच सितंबर 2026 में गैंग की ओर से कथित तौर पर जारी एक पत्र भी चर्चा में रहा। इसमें कनाडा में 5,000 शूटर होने का दावा किया गया था और देश पर कब्जे की धमकी दी गई थी। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।