Edited By Sahil Kumar,Updated: 15 Jul, 2026 02:01 PM

दिल्ली के जंतर-मंतर पर नीट-यूजी पेपर लीक मामले को लेकर CJP का विरोध प्रदर्शन जारी है। CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके अपने समर्थकों के साथ शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर धरने पर बैठे हैं। बढ़-चढ़कर भाग लिया। जिसमें लद्दाख के...
नेशनल डेस्कः दिल्ली के जंतर-मंतर पर नीट-यूजी पेपर लीक मामले को लेकर CJP का विरोध प्रदर्शन जारी है। CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके अपने समर्थकों के साथ शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर धरने पर बैठे हैं। बढ़-चढ़कर भाग लिया। जिसमें लद्दाख के इंजीनियर सोनम वांगचुक पिछले 17 दिनों से भूख हड़ताल पर हैं। लंबे समय से अनशन पर रहने से उनकी तबीयत लगातार बिगड़ रही है।
इसी दौरान सोनम वांगचुक की तबीयत को लेकर दिल्ली हाई कोर्ट में एक जनहित याचिका (PIL) दायर की गई है। यह याचिका वकील और सामाजिक कार्यकर्ता राकेश कुमार सैनी ने दाखिल की है। याचिका में दावा किया गया है कि अनशन के दौरान सोनम वांगचुक का करीब 8.5 किलो वजन कम हो चुका है और यदि जल्द चिकित्सा सहायता नहीं मिली तो अगले 2 दिनों में उनकी मौत तक हो सकती है।
याचिकाकर्ता ने हाई कोर्ट से केंद्र सरकार और दिल्ली सरकार को निर्देश देने की मांग की है कि सोनम वांगचुक को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया जाए और उन्हें आवश्यक चिकित्सकीय सहायता के साथ तरल आहार (लिक्विड डाइट) उपलब्ध कराया जाए। याचिका में यह भी कहा गया है कि उनकी जान बचाने के लिए समय रहते हस्तक्षेप करना जरूरी है।