Edited By Mansa Devi,Updated: 15 Apr, 2026 10:59 AM

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बुधवार को असम, केरल और पश्चिम बंगाल में क्रमश मनाए जा रहे रोंगाली बिहू, विशु और पोइला बैसाख के अवसर पर लोगों को शुभकामनाएं दीं और कामना की कि ये पर्व हमेशा खुशहाली और भाईचारे की भावना को बनाए रखें।
नेशनल डेस्क: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बुधवार को असम, केरल और पश्चिम बंगाल में क्रमश मनाए जा रहे रोंगाली बिहू, विशु और पोइला बैसाख के अवसर पर लोगों को शुभकामनाएं दीं और कामना की कि ये पर्व हमेशा खुशहाली और भाईचारे की भावना को बनाए रखें। मोदी ने यह भी कहा कि देश के विभिन्न हिस्सों में कई त्योहार और उत्सव मनाए जा रहे हैं और इन उत्साह व उल्लास से भरे अवसरों के लिए ''हम अपने मेहनती किसान भाइयों और बहनों के आभारी हैं, जो पूरे देश का पोषण करते हैं।''

उन्होंने 'एक्स' पर किए गए सिलसिलेवार पोस्ट में कहा, ''रोंगाली बिहू की हार्दिक शुभकामनाएं। यह जीवंत त्योहार नए आरंभ, समृद्धि और एकजुटता की भावना का उत्सव है।'' प्रधानमंत्री ने कहा कि रोंगाली बिहू ऐसा पर्व है, जो असमिया संस्कृति की सुंदर झलक पेश करता है और जिसकी लोकप्रियता पूरे देश में बढ़ रही है। उन्होंने कहा, "मैं एक ऐसे वर्ष की कामना करता हूं जो सफलता, खुशियों और उत्तम स्वास्थ्य से परिपूर्ण हो।" केरल के लोगों को विशु के शुभ अवसर पर बधाई देते हुए मोदी ने कहा कि यह त्योहार आशा और खुशियों का प्रतीक है तथा सकारात्मकता और कृतज्ञता पर जोर देता है।

उन्होंने कहा, "आने वाला वर्ष आनंद, समृद्धि और अच्छे स्वास्थ्य से भरा हो। यह वर्ष नए अवसर, सफलता और चारों ओर शांति लेकर आए।" पश्चिम बंगाल के लोगों को पोइला बैसाख की शुभकामनाएं देते हुए प्रधानमंत्री ने कामना की कि आने वाला वर्ष लोगों की सभी इच्छाओं की पूर्ति करे। उन्होंने कहा, ''शुभ नववर्ष। पोइला बैसाख के इस विशेष अवसर पर मेरी हार्दिक शुभकामनाएं। मैं प्रार्थना करता हूं कि आने वाला वर्ष आपकी सभी इच्छाओं को पूरा करे। खुशहाली और भाईचारे की भावना हमेशा बनी रहे। आपको अच्छे स्वास्थ्य और ढेर सारी खुशियों की कामना करता हूं।'' मोदी ने कहा कि यह अवसर पश्चिम बंगाल की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत का उत्सव मनाने का भी है, जिसने भारत की सभ्यतागत भावना को आकार दिया है।