Edited By jyoti choudhary,Updated: 14 Apr, 2026 05:09 PM

सार्वजनिक क्षेत्र की गैस कंपनी गेल (इंडिया) लि. उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र में 700 मेगावाट सौर ऊर्जा क्षमता स्थापित करने के लिए 3,800 करोड़ रुपए का निवेश करेगी। कंपनी स्वच्छ ऊर्जा और शुद्ध रूप से शून्य कार्बन उत्सर्जन लक्ष्यों की दिशा में किए जा रहे
नई दिल्लीः सार्वजनिक क्षेत्र की गैस कंपनी गेल (इंडिया) लि. उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र में 700 मेगावाट सौर ऊर्जा क्षमता स्थापित करने के लिए 3,800 करोड़ रुपए का निवेश करेगी। कंपनी स्वच्छ ऊर्जा और शुद्ध रूप से शून्य कार्बन उत्सर्जन लक्ष्यों की दिशा में किए जा रहे प्रयासों के तहत यह कदम उठा रही है। कंपनी ने मंगलवार को बयान में कहा कि वह झांसी के टीयूएससीओ सोलर पार्क में 550 मेगावाट-घंटे की बैटरी ऊर्जा भंडारण प्रणाली के साथ 600 मेगावाट की सौर परियोजना विकसित करेगी।
इसका मुख्य उद्देश्य उत्तर प्रदेश में औरैया जिले में पाता स्थित अपने पेट्रोरसायन संयंत्र की बिजली आवश्यकताओं को पूरा करना है। इसके अलावा, कंपनी महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजी नगर में 22 मेगावाट-घंटे की भंडारण प्रणाली के साथ 100 मेगावाट की सौर परियोजना स्थापित करेगी। कंपनी इसका उपयोग रायगढ़ स्थित अपने पीडीएच-पीपी संयंत्र की जरूरतों को पूरा करने के लिए करेगी। इन परियोजनाओं का उद्देश्य नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता को बढ़ावा देना और एकीकृत भंडारण समाधान के माध्यम से चौबीसों घंटे बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करना है।
परियोजनाओं के चालू होने पर, गेल की स्थापित नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता बढ़कर 1,000 मेगावाट से अधिक होने की उम्मीद है जो वर्तमान में 147 मेगावाट है। कंपनी ने कहा कि यह कदम पारंपरिक और नवीकरणीय ऊर्जा संपत्तियों के संतुलित मिश्रण को बनाए रखते हुए अपने हरित ऊर्जा क्षमता का विस्तार करने की उसकी रणनीति के अनुरूप है।
गेल के चेयरमैन और प्रबंध निदेशक दीपक गुप्ता ने कहा, ''इन परियोजनाओं के चालू होने पर गेल की स्थापित नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता बढ़कर 1,000 मेगावाट से अधिक हो जाएगी जो वर्तमान में 147 मेगावाट है।'' उन्होंने कहा कि यह विस्तार गेल के उस रणनीतिक दृष्टिकोण को रेखांकित करता है जिसके तहत वह दीर्घकालिक ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करते हुए अपनी वृद्धि यात्रा को पर्यावरणीय जिम्मेदारी के अनुरूप ढाल रही है।