कासगंज में सत्संग की भगदड़ में 123 लोगों की मौत के बाद, भोले बाबा ग्वालियर आश्रम हुआ शिफ्ट

Edited By Updated: 19 Jul, 2024 09:40 AM

after the death of 123 people in the stampede of satsang in kasganj

उत्तर प्रदेश के कासगंज में हुए भयानक हादसे के बाद, जिसमें सत्संग के बाद भगदड़ मची और 123 लोगों की जान गंवाई गई, अब भोले बाबा उर्फ नारायण साकार हरि ने कासगंज के आश्रम को छोड़ दिया है। इस दुखद घटना के बाद, भोले बाबा के निर्णय के पीछे उनके भक्तों की...

नेशनल डेस्क: उत्तर प्रदेश के कासगंज में हुए भयानक हादसे के बाद, जिसमें सत्संग के बाद भगदड़ मची और 123 लोगों की जान गंवाई गई, अब भोले बाबा उर्फ नारायण साकार हरि ने कासगंज के आश्रम को छोड़ दिया है। इस दुखद घटना के बाद, भोले बाबा के निर्णय के पीछे उनके भक्तों की भीड़ की मौजूदगी बताई जा रही है।

बुधवार को, भोले बाबा अपने वकील एपी सिंह के साथ ग्वालियर के आश्रम में जाने के लिए रवाना हुए। उन्होंने कासगंज में रुकने के बाद यह निर्णय लिया। इस मामले में, स्थानीय सेवादारों ने बताया कि भोले बाबा ने अपने गवालियर स्थित आश्रम को तब छोड़ा, जब उनके कासगंज आश्रम में भक्तों की भीड़ बढ़ गई थी। उन्होंने बयान दिया कि "2 जुलाई को हुई घटना से परेशान हूं, लेकिन होनी को कौन टाल सकता है। जो आया है, उसे जाना ही है, भले ही आगे पीछे हो।"

भोले बाबा ने इस घटना के संबंध में भी अपनी दिवार से विवेकपूर्ण बयान दिया, जिसमें उन्होंने कहा कि "प्रत्यक्षदर्शियों ने विषैले स्प्रे के बारे में बताया है। वो सत्य है। कोई न कोई साजिश हुई है। लोग बदनाम करने में लगे हुए हैं।" इस दौरान, स्थानीय प्रशासन ने भी मामले की गंभीरता को ध्यान में रखते हुए इसे जांचने का आदेश दिया है। अधिकारी बताते हैं कि उन्होंने इस मामले को गंभीरता से लेकर उसकी जांच के लिए स्थानीय एसआईटी पर भरोसा दिया है। यह घटना समाज में गहरे छेद का विषय बन गई है, जिसका पूर्वानुमान लगाया गया है। आगामी दिनों में इसकी जांच की अधिक विस्तृत रिपोर्ट आएगी।

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!