Edited By Mansa Devi,Updated: 21 Feb, 2026 04:37 PM

भारत में हर दिन करोड़ों यात्री ट्रेनों से सफर करते हैं। खासकर जनरल कोच में अक्सर जरूरत से ज्यादा भीड़ रहती है। ऐसे में जरा-सी असावधानी भी बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती है। हाल ही में सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हुआ है, जिसने ट्रेन में...
नेशनल डेस्क: भारत में हर दिन करोड़ों यात्री ट्रेनों से सफर करते हैं। खासकर जनरल कोच में अक्सर जरूरत से ज्यादा भीड़ रहती है। ऐसे में जरा-सी असावधानी भी बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती है। हाल ही में सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हुआ है, जिसने ट्रेन में यात्रियों की सुरक्षा और जिम्मेदारी को लेकर नई बहस छेड़ दी है।
यह वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर ‘नालंदा सूचकांक’ नाम के एक अकाउंट से साझा किया गया। वीडियो सामने आने के बाद लोगों ने कड़ी नाराजगी जताई और रेलवे प्रशासन से सख्त कदम उठाने की मांग की।
मोबाइल चार्ज करने के लिए लगाया खुला तार
वायरल वीडियो में एक ट्रेन की जनरल बोगी का दृश्य दिखाई देता है। डिब्बा पहले से ही यात्रियों से भरा हुआ है। इसी दौरान ऊपरी बर्थ पर बैठा एक यात्री अपने मोबाइल को चार्ज करने के लिए बेहद खतरनाक तरीका अपनाता नजर आता है। वीडियो में दिखता है कि वह व्यक्ति स्विच बोर्ड में एक खुला और बिना ढका हुआ बिजली का तार लगा देता है। तार का सिरा पूरी तरह से नंगा था, जिससे किसी भी समय करंट लगने या शॉर्ट सर्किट होने का खतरा था। चलती ट्रेन में ऐसी लापरवाही से आग लगने या बड़ा हादसा होने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
सामान रखने की जगह पर टांगे जूते
सिर्फ यही नहीं, उसी यात्री ने सामान रखने वाले रैक पर अपने जूते भी टांग दिए थे। यह वही जगह होती है जहां दूसरे यात्री अपना बैग और जरूरी सामान रखते हैं। जूतों को वहां टांगना न केवल असुविधाजनक था, बल्कि साफ-सफाई और शिष्टाचार के लिहाज से भी गलत माना गया। इस हरकत से आसपास बैठे यात्रियों को परेशानी हुई और कई लोग नाराज भी दिखे।

सहयात्री ने जताया कड़ा विरोध
वीडियो में देखा जा सकता है कि एक अन्य यात्री ने तुरंत इस पर आपत्ति जताई। उसने उस व्यक्ति से कहा कि खुले तार लगाना बेहद खतरनाक है और इससे किसी की जान भी जा सकती है। उसने समझाया कि हल्की-सी चिंगारी भी बड़ी दुर्घटना में बदल सकती है। सहयात्री की बात सुनकर संबंधित व्यक्ति ने आखिरकार खुला तार निकाल दिया और सही तरीके से चार्जर प्लग में लगाया। हालांकि, इस घटना ने यह जरूर दिखा दिया कि थोड़ी-सी जागरूकता से बड़ा हादसा टाला जा सकता है।
सोशल मीडिया पर लोगों का गुस्सा
वीडियो वायरल होते ही सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाओं की बाढ़ आ गई। कई लोगों ने इसे गैर-जिम्मेदाराना और खतरनाक व्यवहार बताया। उनका कहना था कि जनरल कोच में पहले ही भीड़ बहुत होती है, ऐसे में इस तरह की लापरवाही सैकड़ों यात्रियों की जान जोखिम में डाल सकती है। कुछ यूजर्स ने रेलवे प्रशासन से मांग की कि ट्रेनों में सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन कराया जाए और ऐसे मामलों में तुरंत कार्रवाई हो। वहीं कई लोगों ने इसे नागरिक जिम्मेदारी की कमी बताया और कहा कि जब तक यात्री खुद सजग नहीं होंगे, तब तक इस तरह की घटनाएं रुकना मुश्किल है।
जिम्मेदारी और सतर्कता की जरूरत
यह घटना एक बार फिर यह याद दिलाती है कि सार्वजनिक परिवहन में हर व्यक्ति की जिम्मेदारी बनती है कि वह नियमों का पालन करे। छोटी-सी लापरवाही भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। ट्रेन में सफर करते समय बिजली के उपकरणों का सही तरीके से उपयोग करना, साफ-सफाई का ध्यान रखना और दूसरों की सुरक्षा का ख्याल रखना हर यात्री का कर्तव्य है। जागरूकता और जिम्मेदारी ही ऐसी घटनाओं को रोकने का सबसे प्रभावी तरीका है।