Edited By Pardeep,Updated: 30 Jul, 2026 11:47 PM

जंतर-मंतर पर पेपर लीक के खिलाफ आयोजित एक विरोध प्रदर्शन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ कथित तौर पर अभद्र भाषा (expletives) का उपयोग करने के लिए 25 वर्षीय रुचिका सिंह के खिलाफ पुलिस मामला दर्ज किया गया है। यह विरोध प्रदर्शन 'कॉकरोच जनता...
नई दिल्ली: जंतर-मंतर पर पेपर लीक के खिलाफ आयोजित एक विरोध प्रदर्शन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ कथित तौर पर अभद्र भाषा (expletives) का उपयोग करने के लिए 25 वर्षीय रुचिका सिंह के खिलाफ पुलिस मामला दर्ज किया गया है। यह विरोध प्रदर्शन 'कॉकरोच जनता पार्टी' के नेतृत्व में आयोजित किया गया था।
शिकायतकर्ता के अनुसार, रुचिका ने 23 जुलाई को आपत्तिजनक टिप्पणियां की थीं, जिससे प्रधानमंत्री कार्यालय की गरिमा को ठेस पहुंची और सार्वजनिक शांति भंग होने की आशंका जताई गई। इस मामले में नोएडा के एक्सप्रेसवे पुलिस स्टेशन में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराओं,शांति भंग करने के लिए उकसाना (352), सार्वजनिक शरारत (353(1)) और मानहानि (356(1)) के तहत जीरो एफआईआर दर्ज की गई है। बाद में इस जांच को पार्लियामेंट स्ट्रीट पुलिस स्टेशन स्थानांतरित कर दिया गया है।
राजनीतिक प्रतिक्रिया और सरकारी रुख
'कॉकरोच जनता पार्टी' के प्रवक्ता सौरव दास ने कहा कि हालांकि भाषा गलत हो सकती है, लेकिन प्रदर्शनकारियों के खिलाफ आपराधिक मशीनरी का उपयोग करना निंदनीय है और इससे युवाओं में डर का माहौल पैदा होता है। उन्होंने पुलिस से अपनी शक्तियों का राजनीतिक लाभ के लिए दुरुपयोग न करने का आग्रह किया। दूसरी ओर, दिल्ली के गृह मंत्री आशीष सूद ने स्पष्ट किया कि सरकार छात्रों के साथ खड़ी है और केवल उन लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी जिनका आपराधिक इतिहास है या जिन्होंने हिंसा फैलाने की कोशिश की है।