Edited By Radhika,Updated: 21 Feb, 2026 05:00 PM

अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को बड़ा झटका दिया है। कोर्ट ने ट्रंप द्वारा लगाए गए रेसिप्रोकल टैरिफ को गैरकानूनी बताते हुए रद्द कर दिया है। कोर्ट द्वारा दिया गया ये फैसला कई देशों के लिए राहत भरा है। यहीं पर यह सवाल उठता है कि...
Tariff Refund: अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को बड़ा झटका दिया है। कोर्ट ने ट्रंप द्वारा लगाए गए रेसिप्रोकल टैरिफ को गैरकानूनी बताते हुए रद्द कर दिया है। कोर्ट द्वारा दिया गया ये फैसला कई देशों के लिए राहत भरा है। यहीं पर यह सवाल उठता है कि क्या ट्रंप इस रद्द किए टैरिफ को वापिस करेंगे। अगर भारत की बात करें तो व्हाइट हाउस के सूत्रों के मुताबिक, इस फैसले के बाद देश पर लगने वाला टैरिफ 18% से घटकर अब केवल 10% रह जाएगा।
किन देशों को होगा फायदा?
- भारत: टैरिफ 18% से गिरकर 10% पर आया।
- यूरोपीय संघ, जापान और दक्षिण कोरिया: यहाँ टैरिफ 15% से घटकर 10% हो जाएगा।
- वियतनाम: सबसे बड़ी राहत वियतनाम को मिली है, जहाँ टैरिफ 20% से सीधे 10% पर आ गया है।
दरअसल, ट्रंप ने ये शुल्क 'इंटरनेशनल इमरजेंसी इकोनॉमिक पावर्स एक्ट' (IEEPA) के तहत लगाए थे, जिसे कोर्ट ने अवैध करार दिया है। अब इसकी जगह 'धारा 122' के तहत सामान्य 10% टैरिफ लागू रहेगा।
अरबों डॉलर का रिफंड: किसे मिलेगा पैसा?
ट्रंप प्रशासन ने साल 2025 में इन शुल्कों के जरिए लगभग 200 अरब डॉलर का राजस्व जुटाया था। अब इस राशि का एक बड़ा हिस्सा रिफंड के रूप में लौटाना होगा। अमेरिकी चैंबर ऑफ कॉमर्स के अनुसार, रिफंड का लाभ उन अमेरिकी आयातकों को मिलेगा जिन्होंने सीधे तौर पर सीमा शुल्क का भुगतान किया था।
चैंबर के कार्यकारी उपाध्यक्ष नील ब्रैडली ने कहा कि यह फैसला उन 2 लाख से अधिक छोटे और मध्यम व्यवसायों के लिए संजीवनी जैसा है, जो पिछले एक साल से सप्लाई चेन में रुकावट और बढ़ती लागत से जूझ रहे थे। हालांकि, जिन कंपनियों ने सीधे टैरिफ नहीं भरा है, वे इस रिफंड की हकदार नहीं होंगी।

ट्रंप के आर्थिक गणित पर फिरा पानी
डोनाल्ड ट्रंप का लक्ष्य इन टैरिफ के जरिए एक दशक में खरबों डॉलर जुटाने का था, ताकि अमेरिकी अर्थव्यवस्था को मजबूती दी जा सके। लेकिन सुप्रीम कोर्ट के इस हस्तक्षेप ने फिलहाल उनके इन मंसूबों पर पानी फेर दिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस फैसले से वैश्विक व्यापार युद्ध (Trade War) की स्थिति थोड़ी नरम पड़ सकती है