Edited By Radhika,Updated: 02 Jul, 2026 06:10 PM

बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने बृहस्पतिवार को उस सरकारी बंगले को खाली कर दिया, जिसका इस्तेमाल वह दो दशक से अधिक समय से अपने आवास और राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के कैंप कार्यालय के रूप में कर रही थीं। राजद के बिहार में 2005 में हुए विधानसभा...
नेशनल डेस्क: बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने बृहस्पतिवार को उस सरकारी बंगले को खाली कर दिया, जिसका इस्तेमाल वह दो दशक से अधिक समय से अपने आवास और राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के कैंप कार्यालय के रूप में कर रही थीं। राजद के बिहार में 2005 में हुए विधानसभा चुनाव में सत्ता गंवाने के कुछ समय बाद नीतीश कुमार के नेतृत्व वाली तत्कालीन सरकार ने राबड़ी को मुख्यमंत्री आवास के ठीक सामने तथा राजभवन के पास 10, सर्कुलर रोड स्थित सरकारी बंगला आवंटित किया था। अब राबड़ी लगभग दो किलोमीटर दूर कौटिल्य नगर स्थित अपने निजी आवास में रहने चली गई हैं। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व वाली भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार ने 10, सर्कुलर रोड स्थित बंगला पार्टी नेता एवं मंत्री नंद किशोर राम को आवंटित कर दिया है।
बिहार सरकार ने पिछले साल नवंबर में एक आदेश जारी कर 10, सर्कुलर रोड स्थित बंगले को उपमुख्यमंत्री का आधिकारिक आवास घोषित कर दिया था। इसके साथ ही राज्य विधान परिषद में विपक्ष की नेता होने के नाते राबड़ी को दूसरा सरकारी बंगला आवंटित किया गया था। हालांकि, राबड़ी ने उन्हें आवंटित 39, हार्डिंग रोड स्थित बंगले में जाने से इनकार कर दिया था। पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा था कि यह बंगला 10, सर्कुलर रोड स्थित बंगले की तुलना में छोटा है और इसे राजनीतिक दृष्टि से "अशुभ" माना जाता है, क्योंकि यहां अतीत में रहने वाले सभी प्रमुख नेताओं का सियासी दबदबा बाद में घट गया। पिछले महीने भवन निर्माण विभाग ने नया आदेश जारी कर राबड़ी देवी को 39, हार्डिंग रोड स्थित आवास में स्थानांतरित होने और 29 जून तक 10, सर्कुलर रोड स्थित बंगला खाली करने का निर्देश दिया था।
राबड़ी ने इस घटनाक्रम पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को चुनौती दी थी कि अगर उनमें हिम्मत है, तो वह उन्हें बेदखल करके दिखाएं। सम्राट बिहार में राबड़ी के नेतृत्व वाली सरकार में मंत्री थे। राबड़ी की प्रतिक्रिया के कारण राजद को तीखी आलोचनाओं का सामना करना पड़ा था। सत्तारूढ़ राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के नेताओं ने आरोप लगाया था कि राजद नेतृत्व परिवार के प्रत्येक सदस्य के लिए अलग-अलग सरकारी आवास बनाए रखना चाहता है। राबड़ी के छोटे बेटे और राजद के कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव विधानसभा में विपक्ष के नेता होने के नाते उन्हें आवंटित 02, पोलो रोड स्थित मंत्री आवास में रहते हैं। वहीं, उनके बड़े बेटे तेज प्रताप यादव, जो परिवार से अलग हो गए हैं और राजद से निष्कासित किए जा चुके हैं, भी सरकारी बंगले में रहे हैं। सरकार ने तेज प्रताप को उनकी नवगठित पार्टी 'जनशक्ति जनता दल' के संचालन के लिए आवास उपलब्ध कराने के अनुरोध पर बंगला आवंटित किया है।