Edited By SHUKDEV PRASAD,Updated: 11 Mar, 2026 07:55 PM

भारत में डिजिटल पायरेसी पर लगाम लगाने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। Ministry of Information and Broadcasting (MIB) ने लोकप्रिय मैसेजिंग प्लेटफॉर्म Telegram को नोटिस जारी कर उसके प्लेटफॉर्म से पायरेटेड फिल्में, वेब सीरीज और अन्य OTT...
नेशनल डेस्क: भारत में डिजिटल पायरेसी पर लगाम लगाने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। Ministry of Information and Broadcasting (MIB) ने लोकप्रिय मैसेजिंग प्लेटफॉर्म Telegram को नोटिस जारी कर उसके प्लेटफॉर्म से पायरेटेड फिल्में, वेब सीरीज और अन्य OTT कंटेंट तुरंत हटाने के निर्देश दिए हैं।
सरकार की यह कार्रवाई Information Technology Act 2000 के तहत की गई है। मंत्रालय ने साफ कहा है कि यदि नियमों का पालन नहीं किया गया तो आगे सख्त कानूनी कदम उठाए जा सकते हैं।
OTT कंपनियों की शिकायत के बाद कार्रवाई
यह मामला तब सामने आया जब कई बड़े OTT प्लेटफॉर्म्स—जैसे JioCinema, Amazon Prime Video और Netflix—ने मंत्रालय से शिकायत की।
इन कंपनियों का कहना था कि टेलीग्राम पर बड़ी संख्या में चैनल और ग्रुप उनकी फिल्मों, वेब सीरीज और ओरिजिनल शोज़ की अवैध कॉपी मुफ्त में साझा कर रहे हैं, जिससे उन्हें भारी आर्थिक नुकसान हो रहा है।
जांच में सामने आए हजारों चैनल
मंत्रालय की जांच के दौरान यह पाया गया कि टेलीग्राम पर तीन हजार से अधिक चैनल सक्रिय रूप से पायरेटेड कंटेंट शेयर कर रहे हैं। इन चैनलों के जरिए नई फिल्में, OTT ओरिजिनल सीरीज और अन्य प्रीमियम वीडियो सामग्री बिना अनुमति के लोगों तक पहुंचाई जा रही है। सरकार के अनुसार यह कॉपीराइट नियमों का सीधा उल्लंघन है और इससे फिल्म व डिजिटल मनोरंजन उद्योग को गंभीर नुकसान हो सकता है।
क्रिएटिव इंडस्ट्री की सुरक्षा पर जोर
सरकार का कहना है कि डिजिटल कॉपीराइट की रक्षा करना जरूरी है, क्योंकि फिल्म, टीवी और OTT इंडस्ट्री देश की क्रिएटिव इकोनॉमी का महत्वपूर्ण हिस्सा है। यदि पायरेसी को नहीं रोका गया तो इससे प्रोड्यूसर्स, कलाकारों और तकनीकी टीमों को आर्थिक नुकसान झेलना पड़ सकता है।
भारत में पायरेसी बनी बड़ी चुनौती
पिछले कुछ वर्षों में भारत में OTT प्लेटफॉर्म्स का तेजी से विस्तार हुआ है, लेकिन इसके साथ ही ऑनलाइन पायरेसी की समस्या भी बढ़ी है। विशेषज्ञों के मुताबिक टेलीग्राम जैसे प्लेटफॉर्म पर बड़े आकार की फाइलें आसानी से शेयर की जा सकती हैं और बॉट्स या ग्रुप्स के जरिए कंटेंट तेजी से फैल जाता है। इसके कारण OTT कंपनियों के सब्सक्रिप्शन और राजस्व पर असर पड़ता है।
आगे कड़ी कार्रवाई की चेतावनी
सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने टेलीग्राम को निर्देश दिया है कि वह जल्द से जल्द ऐसे चैनलों और कंटेंट को हटाए जो कॉपीराइट का उल्लंघन कर रहे हैं। यदि प्लेटफॉर्म समय पर कार्रवाई नहीं करता है तो सरकार आगे कड़े कदम उठा सकती है, जिसमें कानूनी कार्रवाई या अन्य प्रतिबंध भी शामिल हो सकते हैं।