Edited By Pardeep,Updated: 07 Jan, 2026 11:02 PM

झारखंड के पश्चिम सिंहभूम जिले में जंगली हाथी के दो हमलों में 13 लोगों की मौत हो गई। एक वरिष्ठ वन अधिकारी ने बुधवार को यह जानकारी दी।
नेशनल डेस्कः झारखंड के पश्चिम सिंहभूम जिले में जंगली हाथी के दो हमलों में 13 लोगों की मौत हो गई। एक वरिष्ठ वन अधिकारी ने बुधवार को यह जानकारी दी।
चाईबासा मंडल वन अधिकारी आदित्य नारायण ने मीडिया को बताया कि हाथी के हमले में चार लोग घायल भी हुए हैं। उन्होंने बताया कि पिछले कुछ दिनों में कई लोगों पर हमले करने वाला हाथी मंगलवार देर रात नोआमुंडी और हटगामरिया पुलिस थाना क्षेत्रों में घुस गया और एक ही परिवार के चार सदस्यों सहित छह लोगों को मार डाला। नारायण ने बताया कि एक दिन पहले इसी हाथी ने कोल्हान क्षेत्र में एक ही परिवार के तीन सदस्यों समेत सात लोगों की जान ले ली थी।
अधिकारी ने बताया कि पश्चिम बंगाल के बांकुड़ा जिले के विशेषज्ञों समेत वन अधिकारियों के दलों को हाथी को वापस जंगल में ले जाने के काम में लगाया गया है। एक रेलवे अधिकारी ने बताया कि दक्षिण पूर्व रेलवे के चक्रधरपुर मंडल में छह जोड़ी रेलगाड़ियां रद्द कर दी गई हैं। अधिकारियों ने बताया कि हाथी के उत्पात से इलाके में दहशत का माहौल है।
इस बीच, पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा ने वन विभाग की आलोचना करते हुए कहा कि विभाग इस समस्या का स्थायी समाधान खोजने के लिए ठोस कदम उठाने में कथित तौर पर विफल रहा है। कोडा ने दिन के दौरान नोआमुंडी के एक गांव में पीड़ितों के परिवारों से मुलाकात की।
उन्होंने दावा किया कि विभाग गांवों में प्रवेश करने वाले हाथियों के झुंड को भगाने के लिए ग्राम समिति के सदस्यों को मशाल और पटाखे जैसी वस्तुएं वितरित करता था, लेकिन अब यह प्रथा बंद कर दी गई है। कोडा ने सरकार से हाथियों के हमलों के कारण अनाथ हुए नाबालिग बच्चों के पुनर्वास और उनकी शिक्षा का खर्च वहन करने की मांग की।