2 बहनों की ह/त्या के मामले में Court का बड़ा फैसला, रिटायर्ड इंस्पेक्टर के बेटे को सुनाई सख्त सजा

Edited By Updated: 09 Feb, 2026 04:48 PM

court s verdict in the sisters murder case

2 सगी बहनों की हत्या से जुड़े सनसनीखेज मामले में कोर्ट ने आरोपी को सख्त सजा सुनाई है।

पंजाब डेस्क : 2 सगी बहनों की हत्या से जुड़े सनसनीखेज मामले में कोर्ट ने आरोपी को सख्त सजा सुनाई है। जानकारी के मुताबिक, कोर्ट ने आरोपी को उम्रकैद की सजा सुनाई है। चंडीगढ़ जिला कोर्ट ने आरोपी पर 30 हजार रुपए आर्थिक दंड भी लगाया है। आज (9 फरवरी) कोर्ट आरोपी को सख्त फैसला सुनाया है। 

कोर्ट के समक्ष पेश साक्ष्यों में एक 60 वर्षीय बुजुर्ग महिला की गवाही निर्णायक साबित हुई। महिला ने कोर्ट को बताया कि घटना के वक्त उसने ऊपरी मंजिल से चीख-पुकार की आवाजें सुनी थीं। जब वह मौके पर पहुंची, तो उसने एक युवक को वहां से तेजी से भागते हुए देखा, जिसकी पहचान बाद में आरोपी के रूप में हुई। यह वारदात 15 अगस्त 2019 को चंडीगढ़ के सेक्टर-22 इलाके में हुई थी। जांच में सामने आया कि जीरकपुर निवासी कुलदीप सिंह ने कथित तौर पर शादी से इनकार और रिश्ते को लेकर उपजे शक के चलते हमला किया था। कुलदीप सिंह पुलिस के एक रिटायर्ड इंस्पेक्टर का बेटा है। आरोपी ने मनप्रीत कौर ने शक के चलते हत्या कर दी और उस दौरान उसे बचाने आई उसकी बहन राजवंत कौर को भी मार दिया। 

कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी को उम्रकैद की सजा सुनाते हुए उस पर 30 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। पुलिस जांच और कोर्ट में रखे गए तथ्यों के अनुसार, आरोपी कुलदीप सिंह लंबे समय से मनप्रीत कौर के साथ विवाह करना चाहता था। दोनों के बीच करीब एक दशक से पहचान और मेलजोल था, लेकिन बाद के समय में मनप्रीत ने उससे संपर्क कम कर दिया था। वह न तो कॉल रिसीव कर रही थी और न ही मैसेज का जवाब दे रही थी। इस बदले हुए व्यवहार के चलते कुलदीप के मन में शक पैदा हो गया था कि मनप्रीत किसी अन्य व्यक्ति के साथ रिश्ते में है। जांच एजेंसियों के मुताबिक, यही संदेह और गुस्सा धीरे-धीरे हिंसा में बदल गया।

घटना की रात, 15 अगस्त 2019 की सुबह तड़के, कुलदीप सेक्टर-22 में स्थित पीजी के पीछे वाले रास्ते से अंदर दाखिल हुआ। उस समय दोनों बहनें कमरे में सो रही थीं। आरोपी ने मनप्रीत का मोबाइल फोन खंगालना शुरू किया, तभी उसकी नींद खुल गई और उसने शोर मचाया। शोर सुनते ही हालात बेकाबू हो गए। कमरे में पड़ी एक कैंची से कुलदीप ने मनप्रीत पर हमला कर दिया, जो बाद में उसकी मौत का कारण बना। जब बहन राजवंत ने मिन्नते की तो आरोपी ने उसे मार दिया। इस वारदात ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया था।

बता दें कि,  वारदात के दिन रक्षाबंधन था। मृतक बहनों का भाई उन्हें बार-बार फोन कर रहा था। जब फोन रिसीव नहीं हुआ तो उनके मकान मालिको को फोन किया गया। जब मकान मालिक ने दोपहर 2 बजे घर का ताला तोड़कर अंदर देखा तो दोनों बहनों के शव खून से लथपथ थे। सीसीटीवी जांच करने पर पता चला कि आरोपी ने वारादत को अंजाम सुबह 4.09 बजे दिया। पुलिस ने घटना के दूसरे दिन ही आरोपी गिरफ्तार कर लिया था। 

अपने शहर की खबरें Whatsapp पर पढ़ने के लिए Click Here

Related Story

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!