Edited By jyoti choudhary,Updated: 03 Jul, 2026 06:17 PM

देश का विदेशी मुद्रा भंडार 26 जून को समाप्त सप्ताह में 5.65 अरब डॉलर घटकर 666.93 अरब डॉलर रह गया। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। इसके एक सप्ताह पहले विदेशी मुद्रा भंडार 96.3 करोड़ डॉलर बढ़कर 672.58 अरब
नई दिल्लीः देश का विदेशी मुद्रा भंडार 26 जून को समाप्त सप्ताह में 5.65 अरब डॉलर घटकर 666.93 अरब डॉलर रह गया। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। इसके एक सप्ताह पहले विदेशी मुद्रा भंडार 96.3 करोड़ डॉलर बढ़कर 672.58 अरब डॉलर हो गया था। पश्चिम एशिया संघर्ष शुरू होने से पहले 27 फरवरी को समाप्त सप्ताह में विदेशी मुद्रा भंडार 728.49 अरब डॉलर के सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंच गया था। इसके बाद रुपए पर दबाव बढ़ने और आरबीआई द्वारा डॉलर बेचकर विदेशी मुद्रा बाजार में हस्तक्षेप किए जाने के कारण इसमें लगातार कई हफ्तों तक गिरावट दर्ज की गई।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भी 11 मई से कई बार सार्वजनिक रूप से देशवासियों से विदेशी मुद्रा की बचत करने की अपील की। उन्होंने विदेश यात्राएं कम करने, ईंधन की खपत घटाने और एक वर्ष तक सोने की खरीदारी से परहेज करने का आग्रह किया। आरबीआई आंकड़ों के मुताबिक, 26 जून को समाप्त सप्ताह में विदेशी मुद्रा भंडार का प्रमुख हिस्सा मानी जाने वाली विदेशी मुद्रा आस्तियां (एफसीए) 15 करोड़ डॉलर घटकर 541.07 अरब डॉलर रह गईं।
डॉलर के संदर्भ में विदेशी मुद्रा आस्तियों में यूरो, पाउंड और येन जैसी गैर-अमेरिकी मुद्राओं के मूल्य में उतार-चढ़ाव का प्रभाव भी शामिल होता है। आरबीआई के अनुसार, इस दौरान स्वर्ण भंडार का मूल्य 5.39 अरब डॉलर घटकर 102.54 अरब डॉलर रह गया। विशेष आहरण अधिकार (एसडीआर) 8.9 करोड़ डॉलर घटकर 18.56 अरब डॉलर रह गया। केंद्रीय बैंक के आंकड़ों के मुताबिक, अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) में भारत का आरक्षित कोष भी 2.1 करोड़ डॉलर घटकर 4.77 अरब डॉलर रह गया।