Edited By Prachi Sharma,Updated: 14 Mar, 2026 02:58 PM
Ank Jyotish : अंक ज्योतिष के अनुसार, हमारे जन्म की तारीख का हमारे स्वभाव, व्यक्तित्व और व्यवहार पर गहरा प्रभाव पड़ता है। कुछ मूलांक वाले लोग बेहद मिलनसार और शांत होते हैं, तो कुछ थोड़े उग्र और आत्म-अभिमानी ) स्वभाव के हो सकते हैं।मूलांक का अर्थ है...
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Ank Jyotish : अंक ज्योतिष के अनुसार, हमारे जन्म की तारीख का हमारे स्वभाव, व्यक्तित्व और व्यवहार पर गहरा प्रभाव पड़ता है। कुछ मूलांक वाले लोग बेहद मिलनसार और शांत होते हैं, तो कुछ थोड़े उग्र और आत्म-अभिमानी ) स्वभाव के हो सकते हैं।मूलांक का अर्थ है आपकी जन्म तिथि का जोड़। आज हम उन 3 खास मूलांकों की बात करेंगे, जिनका ईगो यानी आत्म-सम्मान बहुत ऊंचा होता है। अगर अनजाने में भी इन्हें नीचा दिखाया जाए या इनके स्वाभिमान को ठेस पहुंचाई जाए, तो ये लोग आपके कट्टर दुश्मन बन सकते हैं।
मूलांक 1: सूर्य का प्रभाव और अडिग स्वाभिमान
जन्म तारीख: 1, 10, 19 या 28
मूलांक 1 का स्वामी सूर्य है। सूर्य ग्रहों का राजा है, इसलिए इस अंक वाले व्यक्तियों में जन्मजात नेतृत्व क्षमता (Leadership) और राजाओं वाला ठाठ होता है। ये लोग स्वाभिमानी होते हैं और अपनी शर्तों पर जीना पसंद करते हैं।

ईगो हर्ट होने पर क्या होता है ?
मूलांक 1 वाले लोग प्रशंसा के भूखे होते हैं। यदि आप उनके काम की सराहना करते हैं, तो वे आपके लिए कुछ भी कर गुजरेंगे। लेकिन यदि आपने भरी महफिल में उनकी आलोचना कर दी या उन्हें यह महसूस कराया कि वे आपसे कमतर हैं तो उनका ईगो बुरी तरह आहत हो सकता है।
दुश्मनी का तरीका: ये लोग पीठ पीछे वार नहीं करते, बल्कि सामने से चुनौती देते हैं। एक बार अगर इन्होंने आपको अपनी 'ब्लैकलिस्ट' में डाल दिया, तो दोबारा इनका भरोसा जीतना लगभग नामुमकिन होता है। इनके साथ बात करते समय शब्दों का चयन बहुत सोच-समझकर करें। इन्हें आदेश देना पसंद नहीं है, बल्कि ये सुझाव सुनना पसंद करते हैं।
मूलांक 8: शनि का अनुशासन और गंभीर स्वभाव
जन्म तारीख: 8, 17 या 26
मूलांक 8 का स्वामी शनि है। शनि को न्याय का देवता और संघर्ष का प्रतीक माना जाता है। इस मूलांक के लोग बहुत मेहनती, गंभीर और अंतर्मुखी (Introvert) होते हैं। ये जल्दी किसी से घुलते-मिलते नहीं हैं, लेकिन इनका आत्म-सम्मान बहुत गहरा होता है।
ईगो हर्ट होने पर क्या होता है ?
मूलांक 8 वाले लोग बहुत सहनशील होते हैं लेकिन उनकी सहनशक्ति की एक सीमा होती है। यदि कोई इनके आत्म-सम्मान को बार-बार ठेस पहुँचाता है या इनके साथ अन्याय करता है, तो ये भयानक शत्रु साबित हो सकते हैं।
दुश्मनी का तरीका: शनि के प्रभाव के कारण, मूलांक 8 वाले लोग बहुत लंबे समय तक दुश्मनी निभा सकते हैं। ये न तो भूलते हैं और न ही माफ करते हैं। इनका गुस्सा ज्वालामुखी की तरह होता है जो धीरे-धीरे सुलगता है और फिर अचानक फटता है। ये शांत रहकर बदला लेने की रणनीति बनाने में माहिर होते हैं।
सावधानी: इनके साथ कभी भी छल-कपट न करें और इनके मेहनत की उपेक्षा न करें। ये वफादार दोस्त होते हैं, बशर्ते आप इनके 'ईगो' को चोट न पहुँचाएं।

मूलांक 9: मंगल का उत्साह और अदम्य क्रोध
जन्म तारीख: 9, 18 या 27
मूलांक 9 का स्वामी मंगल है, जिसे युद्ध का देवता माना जाता है। इस अंक के जातकों में ऊर्जा, साहस और उत्साह कूट-कूट कर भरा होता है। ये स्वभाव से थोड़े आक्रामक और निडर होते हैं।
ईगो हर्ट होने पर क्या होता है?
मंगल के प्रभाव के कारण इनका पारा बहुत जल्दी चढ़ जाता है। यदि इन्हें लगे कि कोई इन्हें दबाने की कोशिश कर रहा है या इनका अपमान कर रहा है, तो ये तुरंत प्रतिक्रिया देते हैं। इनका ईगो बहुत शॉर्ट टेम्पर्ड होता है।
दुश्मनी का तरीका: मूलांक 9 वाले लोग तात्कालिक प्रतिक्रिया देते हैं। वे मौके पर ही आपसे झगड़ा कर सकते हैं या कड़वी बातें कह सकते हैं। हालांकि, इनका गुस्सा जल्दी शांत भी हो जाता है, लेकिन अगर बात इनके सिद्धांतों और सम्मान पर आ जाए, तो ये ताउम्र के लिए आपसे रिश्ता तोड़ सकते हैं।
सावधानी: इनसे बात करते समय स्वर को धीमा रखें। इन्हें यह महसूस न होने दें कि आप उन पर हावी हो रहे हैं। इनके साथ विवाद मोल लेना यानी आग से खेलना है।
