Edited By Sarita Thapa,Updated: 27 Jul, 2026 04:18 PM

सनातन धर्म में कोकिला व्रत को महिलाओं के लिए बहुत चमत्कारी माना जाता है। इस व्रत में माता पार्वती के कोकिला स्वरूप की आराधना की जाती है।
Kokila Vrat 2026 Upay : सनातन धर्म में कोकिला व्रत को महिलाओं के लिए बहुत चमत्कारी माना जाता है। इस व्रत में माता पार्वती के कोकिला स्वरूप की आराधना की जाती है। मान्यता है कि जो भी सुहागिन या कुंवारी कन्या इस दिन सच्चे मन से व्रत रखकर कुछ विशेष उपाय करती है, उसके जीवन से दरिद्रता, गृहक्लेश और विवाह की बाधाएं हमेशा के लिए समाप्त हो जाती हैं। तो आइए जानते हैं कि कोकिला व्रत के दिन कौन से उपाय करने चाहिए।
कोकिला व्रत के अचूक उपाय
मनचाहे वर और शीघ्र विवाह के लिए
यदि आपके विवाह में बार-बार रुकावटें आ रही हैं या मनचाहा जीवनसाथी नहीं मिल पा रहा है, तो इस दिन शाम के समय माता पार्वती को पीले रंग की चुनरी और श्रृंगार की सामग्री अर्पित करें।
दांपत्य जीवन में मिठास घोलने के लिए
कोकिला व्रत के दिन माता पार्वती को शहद का भोग लगाएं और उनके मंत्रों का जाप करें। बाद में इस शहद को प्रसाद के रूप में पति-पत्नी दोनों ग्रहण करें। ऐसा करने से वैवाहिक जीवन में चल रही परेशानियां दूर होती है और रिश्तों में मधुरता बनी रहती है।
हर अधूरी मनोकामना पूरी करने के लिए
यदि आपकी कोई ऐसी इच्छा है जो लंबे समय से पूरी नहीं हो पा रही है, तो आषाढ़ पूर्णिमा और कोकिला व्रत के संयोग पर चंद्रदेव और शिव-पार्वती की संयुक्त पूजा करें। रात के समय तांबे या चांदी के लोटे में कच्चा दूध, जल, अक्षत और सफेद फूल मिलाकर चंद्रमा को अर्घ्य दें। यह उपाय मानसिक तनाव को कम करता है और आपके सोचे हुए कार्यों को सफलता की ओर ले जाता है।
सुख-समृद्धि और अखंड सौभाग्य के लिए
सुहागिन महिलाएं इस दिन पूजा के बाद किसी सुहागिन महिला या ब्राह्मण को सुहाग की सामग्री और मौसमी फल दान करें। दान करने से घर में अन्न-धन की कभी कमी नहीं होती और अखंड सौभाग्य का वरदान मिलता है।
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