Edited By Sarita Thapa,Updated: 30 Jul, 2026 12:19 PM

आज यानी 30 जुलाई, 2026 से सावन माह की शुरुआत हो चुकी है। सावन के पहले ही दिन विश्व प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंग श्री महाकालेश्वर मंदिर में आस्था का एक अलग नजारा देखने को मिला। सावन के पहले ही दिन को और पावन बनाने के लिए महाकाल अपने भक्तों को एक घंटा पहला...
Mahakal Bhasma Aarti Sawan 2026 : आज यानी 30 जुलाई, 2026 से सावन माह की शुरुआत हो चुकी है। सावन के पहले ही दिन विश्व प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंग श्री महाकालेश्वर मंदिर में आस्था का एक अलग नजारा देखने को मिला। सावन के पहले ही दिन को और पावन बनाने के लिए महाकाल अपने भक्तों को एक घंटा पहला दर्शन देने के लिए जाग गए। इसके बाद पूरे विधि-विधान के साथ मंदिर के कपाट खोले गए और ब्रह्म मुहूर्त में बाबा महाकाल की दिव्य भस्म आरती संपन्न हुई।
सुबह 3 बजे खुले मंदिर के पट
पवित्र सावन महीने की शुरुआत के साथ ही धार्मिक नगरी उज्जैन पूरी तरह शिवभक्ति के रंग में सराबोर हो गई है। सावन के विशेष नियमों के अनुसार, बाबा महाकाल के मंदिर के कपाट 03 बजे श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए। कपाट खुलते ही हर तरफ 'हर हर महादेव' और 'जय भोलेनाथ' के जयकारों की आवाज सुनाई दे रही थी। इसके बाद वैदिक मंत्रोच्चार के बीच राजाधिराज महाकाल का दूध, दही, शुद्ध घी, शहद और विभिन्न फलों के रसों से भव्य पंचामृत अभिषेक किया गया।
श्रद्धालुओं की भारी भीड़
सावन मास में बाबा महाकाल के दर्शनों के लिए आम दिनों के मुकाबले दो से तीन गुना ज्यादा भीड़ उमड़ रही है। प्रशासन ने भी सुरक्षा और सुगम दर्शन के लिए विशेष इंतजाम किए हैं, ताकि देश-विदेश से आने वाले शिवभक्त आसानी से दर्शन कर सकें। 3 अगस्त को सावन के पहले सोमवार पर बाबा महाकाल की पहली पारंपरिक सवारी भी निकाली जाएगी।
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