आगामी 20-30 वर्षों में ‘भारत विश्वगुरु’ और ‘हिन्दू राष्ट्र’ बनकर रहेगा : मोहन भागवत

Edited By Updated: 11 Jan, 2026 08:27 AM

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मथुरा (मानव): राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आर. एस. एस.) के सर संघचालक मोहन भागवत ने शनिवार को कहा कि आने वाले 20-30 वर्षों में भारत विश्वगुरु बनेगा और हिन्दू राष्ट्र के रूप में स्थायी रहेगा। यह बात उन्होंने वृंदावन के सुदामा कुटी आश्रम में...

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मथुरा (मानव): राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आर. एस. एस.) के सर संघचालक मोहन भागवत ने शनिवार को कहा कि आने वाले 20-30 वर्षों में भारत विश्वगुरु बनेगा और हिन्दू राष्ट्र के रूप में स्थायी रहेगा। यह बात उन्होंने वृंदावन के सुदामा कुटी आश्रम में रामानन्दाचार्य की 726वीं जयंती और सुदामा कुटी के 100 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर आयोजित समारोह में कही।

यमुना किनारे आयोजित ‘शताब्दी समारोह’ में देशभर के संत-महात्मा और रामानन्दी सम्प्रदाय के अनुयायी शामिल हुए। मोहन भागवत ने कहा कि भारत को हिन्दू राष्ट्र बनने से कोई रोक नहीं सकता क्योंकि भारत का जन्म ही इस उद्देश्य के लिए हुआ है। इसके लिए केवल हमारी तैयारी की देरी है। हमें इसके लिए एकजुट होना होगा।

उन्होंने इतिहास के उदाहरण देते हुए कहा कि हिन्दू कभी दुश्मन की शक्ति के कारण नहीं हारा, बल्कि आपसी फूट के कारण हारता रहा। बावजूद इसके सनातन धर्म कभी कमजोर नहीं पड़ा और हर बार मजबूत होकर पुनः खड़ा हुआ। भागवत ने आगे कहा कि आगामी वर्षों में भारत विश्वगुरु बनकर सुख-शांति देने वाला राष्ट्र बनेगा।

उन्होंने सामाजिक समरसता, आत्मनिर्भरता, परिवार संस्कार, पर्यावरण संरक्षण और नागरिक कर्तव्यों पर बल देते हुए कहा कि हिन्दू समाज को एकजुट होकर हर परिस्थिति में साथ खड़ा होना चाहिए। उन्होंने रामानन्दाचार्य के उपदेशों का स्मरण कर समाज में एकता और सहयोग की आवश्यकता पर जोर दिया।

इससे पहले मोहन भागवत ने वृंदावन चंद्रोदय मंदिर और सुदामा कुटी में भगवान के दर्शन किए, मंदिर भवन का लोकार्पण किया और अक्षय पात्र फाऊंडेशन द्वारा संचालित मध्याह्न भोजन परियोजना का अवलोकन कर बच्चों को स्वयं भोजन परोसा। समारोह अगले 10 दिन तक चलेगा और इसमें विभिन्न धार्मिक एवं सामाजिक गतिविधियां आयोजित होंगी।

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