शिक्षा के क्षेत्र में अभूतपूर्व बदलाव, अच्छे शिक्षकों के चयन के लिए REET परीक्षा जरुरी

Edited By Updated: 24 Dec, 2020 07:37 PM

reet exam required for selection good teachers

राजस्थान के शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा है उनकी सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में अभूतपूर्व बदलाव करते हुए वैश्विक महामारी कोरोना के बीच भी विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास पर जोर दिया जिससे प्रदेश की शिक्षा एक मिसाल बन गई। श्री डोटासरा आज...

एजुकेशन डेस्क: राजस्थान के शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा है उनकी सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में अभूतपूर्व बदलाव करते हुए वैश्विक महामारी कोरोना के बीच भी विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास पर जोर दिया जिससे प्रदेश की शिक्षा एक मिसाल बन गई। श्री डोटासरा आज यहां अपने दो वर्ष के कार्यकाल का हिसाब प्रदेश की जनता के समक्ष रखा। बतौर शिक्षामंत्री दो वर्ष का कार्यकाल पूर्ण होने के अवसर पर उन्होंने प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए शिक्षा विभाग की उपलब्धियां बताई। उन्होंने बताया कि सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में अभूतपूर्व बदलाव करते हुए छात्रों के सर्वांगीण विकास पर जोर दिया है।

अच्छे शिक्षकों के चयन के लिए रीट परिक्षा का आयोजन जरुरी
राजस्थान में पहली बार अंग्रेजी माध्यम के सरकारी स्कूल खोलकर गरीब छात्रों को नि:शुल्क शिक्षा देने काम किया। उन्होंने कहा कि विभाग ने कोरोना महामारी के दौरान भी शिक्षा प्रणाली को सुचारू रूप से जारी रखा एवं प्रदेश के हर छात्र को घर बैठे शिक्षा देने का काम सुनिश्चित किया। शिक्षा विभाग ने ई-कक्षा के तहत ‘आओ घर में सीखें, स्माइल कार्यक्रम, शिक्षा वाणी एवं शिक्षा दर्शन' जैसे अनेक अभियान चलाकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए छात्रों को ऑनलाइन शिक्षा दी।

52,038 युवाओं को नई नियुक्तियां मिलीं
उन्होंने कहा कि विभाग ने रीट परीक्षा की घोषणा करते हुए प्रदेश के लाखों बेरोजगार युवाओं को रोजगार देने की दिशा में बड़े स्तर पर काम किया है, दो साल के कार्यकाल में 52,038 युवाओं को नई नियुक्तियां दी गई हैं जबकि 9,791 पदों पर भर्ती प्रक्रियाधीन है। उत्कृष्ट शिक्षकों के चयन के लिए रीट की परिक्षा का आयोजन अति आवश्यक है। श्री डोटासरा ने कहा कि 1500 करोड़ रुपए से ज्यादा का बजट खर्च करके शिक्षा प्रणाली को प्रभावी एवं विद्यालयों के बुनियादी ढांचे को मज़बूत किया गया है। हर गांव एवं ढाणी तक शिक्षा पहुंचाने के लिए शिक्षा मंत्री ने प्रदेश की जनता को भरोसा दिया कि जिस क्षेत्र में 30 से ज्यादा विद्यार्थी हैं वहां फिर विद्यालय खोले जाएंगे।

‘अन्नपूर्णा दूध योजना' नहीं होगी बंद
शिक्षा मंत्री ने बताया है कि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से शिक्षकों एवं कर्मचारियों की शिकायत व सुझावों का निस्तारण किया गया है। इसी तरह उन्होंने शिक्षा विभाग की अन्य कई उपलब्धियों को गिनाया। इस मौके पर शिक्षा मंत्री ने प्रदेश में बच्चों के लिए चलाई जा रही ‘अन्नपूर्णा दूध योजना' के बंद होने वाली मीडिया रिपोट्र्स को भी खारिज किया है। शुरू में श्री डोटासरा ने विभाग की उपबल्धियों से जुड़ी पुस्तक का विमोचन किया एवं शिक्षा के क्षेत्र में किए गए नवाचारों एवं अभियानों को वीडियो संदेश के जरिए लॉन्च किया।    

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