Edited By Tanuja,Updated: 22 Feb, 2026 11:51 AM

पाकिस्तान की एयरस्ट्राइक के बाद अफगान तालिबान ने कड़ी चेतावनी दी है। नांगरहार और पाकटिका में हमलों में दर्जनों नागरिकों की मौत का दावा किया गया है। पाकिस्तान ने कहा कि TTP और ISKP के सात आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया। दोनों देशों के बीच तनाव और...
International Desk: पाकिस्तान की हालिया एयरस्ट्राइक के बाद अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच तनाव खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। अफगान तालिबान ने पाकिस्तान पर रिहायशी इलाकों को निशाना बनाने और मासूम नागरिकों की हत्या का आरोप लगाते हुए कड़ी चेतावनी दी है कि वह “सही समय पर जवाब” देगा।तालिबान के प्रवक्ता जुबैउल्लाह मुजाहिद ने कहा कि बीती रात नांगरहार और पाकटिका प्रांतों में पाकिस्तान ने अचानक हवाई हमले किए, जिनमें दर्जनों आम नागरिकों की जान चली गई। उनके मुताबिक मरने वालों में महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं।
अफगान मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, नांगरहार में एक रिहायशी इमारत पर हमला हुआ, जहां एक ही परिवार के लगभग 23 लोग रहते थे। मलबे में दबे लोगों में से अब तक केवल चार को निकाला जा सका है। तालिबान ने कहा कि पाकिस्तान ने बेरमाल और आरगुन जिलों में भी हवाई हमले किए हैं। मुजाहिद ने आरोप लगाया कि पाकिस्तानी सेना ने अफगान हवाई क्षेत्र का उल्लंघन किया है और “नापाक हरकत” कर मासूमों की जान ली है। उन्होंने कहा कि अफगानिस्तान को जवाब देने का पूरा अधिकार है। पाकिस्तान सरकार ने इन हमलों को हालिया आत्मघाती हमलों के जवाब में की गई “इंटेलिजेंस बेस्ड ऑपरेशन” बताया है।
खैबर-पख्तूनख्वा के बन्नू में हुए आत्मघाती हमले में एक लेफ्टिनेंट कर्नल और एक सैनिक की मौत के बाद यह कार्रवाई की गई। इस्लामाबाद का दावा है कि तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP), फितना अल ख्वारिज (FAK) और इस्लामिक स्टेट ऑफ खुरासान प्रांत (ISKP) से जुड़े सात आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया गया। पाकिस्तान का कहना है कि इन संगठनों ने हालिया हमलों की जिम्मेदारी ली थी और वे अफगानिस्तान की जमीन से संचालित हो रहे थे।
पाकिस्तान ने अफगान तालिबान सरकार पर आरोप लगाया है कि वह आतंकवादी समूहों को अपनी धरती का इस्तेमाल करने से रोकने में विफल रही है। साथ ही दोहा समझौते के तहत अपनी प्रतिबद्धताओं को निभाने की बात दोहराई हैबता दें कि दोनों देशों के रिश्ते पहले से ही तनावपूर्ण रहे हैं। पिछले वर्ष सीमा पर हुई झड़पों में दोनों पक्षों के कई सैनिक मारे गए थे। ताजा एयरस्ट्राइक और तालिबान की चेतावनी के बाद क्षेत्रीय सुरक्षा को लेकर नई चिंताएं खड़ी हो गई हैं।