Edited By Tanuja,Updated: 31 May, 2026 04:03 PM

पेरिस सेंट-जर्मेन (PSG) की चैंपियंस लीग जीत के बाद शुरू हुआ जश्न रातभर हिंसा में बदल गया। सुबह 3 बजे के बाद भी आगजनी, लूटपाट, तोड़फोड़ और पुलिस के साथ झड़पें जारी रहीं। कई इलाकों में हालात तनावपूर्ण रहे और सैकड़ों लोगों को गिरफ्तार किया गया।
International Desk: यूरोप के सबसे प्रतिष्ठित फुटबॉल टूर्नामेंट UEFA Champions League का खिताब जीतने के बाद फ्रांसीसी क्लब पेरिस सेंट-जर्मेन (Paris Saint-Germain (PSG) के समर्थकों का जश्न राजधानी Paris में कई जगह हिंसा और उपद्रव में बदल गया। देर रात हजारों प्रशंसक सड़कों पर उतर आए, लेकिन कुछ इलाकों में स्थिति नियंत्रण से बाहर हो गई और आगजनी, तोड़फोड़ तथा पुलिस के साथ झड़पों की घटनाएं सामने आईं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, चैंपियंस लीग फाइनल में PSG की जीत के बाद करीब 20 हजार समर्थक शहर के प्रमुख इलाकों, खासकर Arc de Triomphe और Champs-Élysées के आसपास जमा हो गए। लोग फ्लेयर जलाकर, पटाखे छोड़कर और नारे लगाकर जीत का जश्न मना रहे थे। सुबह 3 बजे के बाद भी आगजनी, लूटपाट, तोड़फोड़ और पुलिस के साथ झड़पें जारी रहीं। कई इलाकों में हालात तनावपूर्ण रहे और सैकड़ों लोगों को गिरफ्तार किया गया।
जश्न के दौरान कुछ उपद्रवी समूहों ने दुकानों और सार्वजनिक संपत्तियों को निशाना बनाया। कई वाहनों में आग लगा दी गई और एक पुलिस स्टेशन में घुसने की कोशिश भी की गई। पुलिस ने हालात काबू करने के लिए बल प्रयोग किया, जिसके बाद कई जगह झड़पें हुईं। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, Eiffel Tower के आसपास भी आगजनी की घटनाएं दर्ज की गईं। हालांकि उपलब्ध जानकारी के अनुसार आग सीधे एफिल टावर में नहीं लगी, बल्कि उसके आसपास के क्षेत्रों में उपद्रवियों द्वारा आग लगाने की घटनाएं हुईं।
अधिकारियों ने बताया कि हालात बिगड़ने के बाद बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया। रात 10 बजे तक सैकड़ों लोगों को हिरासत में लिया जा चुका था। झड़पों के दौरान कम से कम एक पुलिसकर्मी घायल हुआ। पेरिस की मुख्य रिंग रोड पर भी भारी जाम लग गया और कई इलाकों में यातायात प्रभावित रहा।पिछले वर्ष भी PSG की जीत के बाद हुए जश्न में हिंसा हुई थी, जिसमें दो लोगों की मौत तक हो गई थी। इसी अनुभव को देखते हुए इस बार पूरे फ्रांस में लगभग 22,000 और अकेले पेरिस में 8,000 पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया था।
इसके बावजूद कुछ स्थानों पर उपद्रवी तत्वों ने सुरक्षा व्यवस्था को चुनौती देते हुए हिंसक घटनाओं को अंजाम दिया। PSG की ऐतिहासिक जीत फ्रांस के लिए गर्व का क्षण थी, लेकिन जश्न के दौरान हुई हिंसा और आगजनी ने इस उपलब्धि की चमक को फीका कर दिया। प्रशासन अब नुकसान का आकलन कर रहा है और उपद्रव में शामिल लोगों की पहचान के लिए जांच जारी है।