West Asia Tensions : युद्ध के बीच ट्रंप का बड़ा ऐलान, कुछ भी करके खुलवा लेंगे होर्मुज, US संग कई देश भेजेंगे युद्धपोत

Edited By Updated: 15 Mar, 2026 01:30 AM

we will get the strait of hormuz opened trump

पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच डोनाल्ड ट्रंप ने दुनिया के कई बड़े देशों से अपील की है कि वे अपने युद्धपोत भेजकर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की सुरक्षा में अमेरिका का साथ दें।

इंटरनेशनल डेस्कः पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच डोनाल्ड ट्रंप ने दुनिया के कई बड़े देशों से अपील की है कि वे अपने युद्धपोत भेजकर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज की सुरक्षा में अमेरिका का साथ दें।

ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर पोस्ट करते हुए कहा कि ईरान द्वारा इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग को बंद करने की कोशिशों के कारण कई देश प्रभावित हो रहे हैं। ऐसे में ये देश अमेरिका के साथ मिलकर अपने युद्धपोत तैनात करेंगे ताकि इस समुद्री रास्ते को हर हाल में खुला और सुरक्षित रखा जा सके।

कई देशों से युद्धपोत भेजने की अपील

ट्रंप ने अपने बयान में कहा कि जिन देशों को होर्मुज जलडमरूमध्य में बाधा से नुकसान हो रहा है, उन्हें भी इसकी सुरक्षा की जिम्मेदारी लेनी चाहिए। उन्होंने उम्मीद जताई कि चीन, फ्रांस, जापान, दक्षिण कोरिया और ब्रिटेन जैसे देश अपने जहाज भेजेंगे और अमेरिका के साथ मिलकर इस समुद्री मार्ग की सुरक्षा सुनिश्चित करेंगे। ट्रंप ने कहा कि इस कृत्रिम बाधा को खत्म करना जरूरी है ताकि भविष्य में होर्मुज जलडमरूमध्य वैश्विक व्यापार के लिए खतरा न बने।

PunjabKesari
दुनिया का सबसे अहम तेल मार्ग

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज ईरान और ओमान के बीच स्थित एक बेहद महत्वपूर्ण समुद्री रास्ता है। यह दुनिया के सबसे अहम समुद्री मार्गों में से एक माना जाता है क्योंकि हर दिन दुनिया के बड़े हिस्से का कच्चा तेल और एलएनजी (Liquefied Natural Gas) इसी रास्ते से होकर गुजरता है। अगर यह मार्ग बंद हो जाता है तो वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर गंभीर असर पड़ सकता है और तेल की कीमतों में भारी उछाल देखने को मिल सकता है।

ट्रंप का दावा – अमेरिका ने ईरान को भारी नुकसान पहुंचाया

कुछ घंटों बाद एक और पोस्ट में ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका ने सैन्य और आर्थिक मोर्चे पर ईरान को बड़ा नुकसान पहुंचाया है। ट्रंप के अनुसार, अमेरिका ने ईरान की सैन्य क्षमता को काफी हद तक कमजोर कर दिया है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि भले ही ईरान कमजोर हो गया हो, लेकिन वह ड्रोन, समुद्री माइंस या छोटी दूरी की मिसाइलों के जरिए इस समुद्री मार्ग को बाधित करने की कोशिश कर सकता है।


ईरान के तट पर हमले की चेतावनी

ट्रंप ने साफ चेतावनी देते हुए कहा कि अगर जरूरत पड़ी तो अमेरिका सीधे सैन्य कार्रवाई करके इस जलमार्ग को सुरक्षित करेगा। उन्होंने कहा कि अमेरिका ईरान के तट पर स्थित ठिकानों पर बमबारी कर सकता है और समुद्र में मौजूद ईरानी नौकाओं तथा जहाजों को भी निशाना बना सकता है।

खार्ग द्वीप पर अमेरिकी हमला

इसी बीच खबर है कि अमेरिका ने शुक्रवार को खार्ग द्वीप पर भी हमला किया। यह द्वीप ईरान के लिए बेहद अहम है क्योंकि यहां बड़े तेल भंडार और निर्यात से जुड़ी सुविधाएं मौजूद हैं। बताया जा रहा है कि अमेरिकी हमले में सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया गया और संकेत दिया गया कि अगर ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद करने की कोशिश जारी रखी, तो इस द्वीप के महत्वपूर्ण तेल प्रतिष्ठान भी निशाने पर आ सकते हैं।

ईरान की चेतावनी – तेल ठिकानों पर हमला हुआ तो कर देंगे राख

अमेरिकी हमले के बाद ईरान ने भी कड़ी चेतावनी दी है। तेहरान ने कहा कि अगर खार्ग द्वीप की ऊर्जा सुविधाओं पर हमला किया गया तो वह अमेरिका से जुड़े तेल ढांचों को “राख के ढेर” में बदल देगा। इस तरह दोनों देशों के बीच धमकियों और सैन्य कार्रवाइयों का सिलसिला तेज हो गया है।

वैश्विक तेल संकट का खतरा

अमेरिका और इज़राइल के साथ ईरान का युद्ध अब तीसरे सप्ताह में पहुंच गया है। इस संघर्ष का असर धीरे-धीरे वैश्विक ऊर्जा बाजार पर भी दिखने लगा है। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में तनाव और बढ़ता है, तो यह वैश्विक तेल संकट का रूप ले सकता है और दुनिया भर में पेट्रोल-डीजल व गैस की कीमतों पर बड़ा असर पड़ सकता है।

Related Story

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!