Edited By Pardeep,Updated: 31 Mar, 2026 11:08 PM

ईरान-इजराइल और अमेरिका के बीच जारी जंग का असर अब आम लोगों की जिंदगी पर भी साफ दिखने लगा है। प्रदेश के कई जिलों में एलपीजी सिलेंडर को लेकर लोग अभी भी लाइनों में खड़े नजर आ रहे हैं। सबसे ज्यादा चिंता उन परिवारों को सता रही है, जहां जल्द ही शादी या कोई...
इंटरनेशनल डेस्कः ईरान-इजराइल और अमेरिका के बीच जारी जंग का असर अब आम लोगों की जिंदगी पर भी साफ दिखने लगा है। प्रदेश के कई जिलों में एलपीजी सिलेंडर को लेकर लोग अभी भी लाइनों में खड़े नजर आ रहे हैं। सबसे ज्यादा चिंता उन परिवारों को सता रही है, जहां जल्द ही शादी या कोई बड़ा समारोह होने वाला है।
इसी समस्या को देखते हुए सरकार और प्रशासन ने राहत देने की कोशिश की है। अब शादी या अन्य आयोजनों में इस्तेमाल होने वाले कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर के लिए अस्थायी कनेक्शन लेने की सुविधा शुरू की गई है। इसके लिए आवेदन करते समय शादी या समारोह का कार्ड संलग्न करना अनिवार्य होगा।
आगरा के जिला पूर्ति अधिकारी आनंद कुमार सिंह ने बताया कि फिलहाल कमर्शियल सिलेंडर की उपलब्धता में दिक्कत बनी हुई है, जबकि घरेलू गैस सिलेंडर की कोई कमी नहीं है। उन्होंने कहा कि जिन परिवारों को शादी या अन्य समारोह के लिए कॉमर्शियल सिलेंडर चाहिए, उन्हें अस्थायी कनेक्शन लेना होगा।
इसके लिए संबंधित व्यक्ति को उनके कार्यालय में आवेदन देना होगा, जिसमें कॉमर्शियल सिलेंडर की जरूरत का विवरण देना जरूरी है। आवेदन के साथ शादी या समारोह का कार्ड लगाना होगा और गैस कंपनी द्वारा तय सिक्योरिटी मनी भी जमा करनी होगी। इसके बाद उपलब्धता के आधार पर सिलेंडर जारी किए जाएंगे।
कालाबाजारी पर सख्ती, कई सिलेंडर जब्त
वास्तविक जरूरतमंदों को सिलेंडर आसानी से मिल सके, इसके लिए प्रशासन लगातार कार्रवाई कर रहा है। जंग शुरू होने के बाद से आगरा में एलपीजी सिलेंडरों की कालाबाजारी रोकने के लिए जिला पूर्ति विभाग ने सख्त कदम उठाए हैं।
जिला पूर्ति अधिकारी आनंद कुमार सिंह के मुताबिक, पिछले एक महीने में विभाग ने 251 एलपीजी सिलेंडर जब्त किए हैं, जो कालाबाजारी के लिए रखे गए थे। इसके अलावा 7 एफआईआर दर्ज की गई हैं, जिनमें 10 लोगों को आरोपी बनाया गया है। इनमें से दो लोगों को जेल भेजा जा चुका है, जबकि अन्य के खिलाफ जांच जारी है।
उन्होंने साफ कहा कि कालाबाजारी करने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा और प्रशासन यह सुनिश्चित करने में जुटा है कि असली जरूरतमंदों को गैस सिलेंडर की कमी न हो।