Edited By Anu Malhotra,Updated: 02 Sep, 2026 12:43 PM

राजधानी दिल्ली के रोहिणी सेक्टर 3 स्थित घर में 60 वर्षीय व्यक्ति संदिग्ध हालात में मृत पाया गया। पुलिस को लूटपाट की आशंका है। मृतक राकेश खन्ना के घर में सामान बिखरा हुआ था। एक अधिकारी ने बताया कि इस जघन्य हत्याकांड का मास्टरमाइंड कोई बाहरी व्यक्ति...
नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली के रोहिणी सेक्टर 3 स्थित घर में 60 वर्षीय व्यक्ति संदिग्ध हालात में मृत पाया गया। पुलिस को लूटपाट की आशंका है। मृतक राकेश खन्ना के घर में सामान बिखरा हुआ था। एक अधिकारी ने बताया कि इस जघन्य हत्याकांड का मास्टरमाइंड कोई बाहरी व्यक्ति नहीं, बल्कि मृतक के साले की बेटी (भांजी) सिमरन ही थी। पुलिस ने मृतक की भतीजी समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि चौथे आरोपी की तलाश जारी है जो फरार है। यह घटना तब सामने आई जब 1 सितंबर को रात 8:14 बजे रोहिणी के सेक्टर 3 स्थित मकान नंबर G-30/67-68 से घर में चोरी और अंदर एक व्यक्ति के बेहोश पड़े होने की सूचना देने वाली PCR कॉल आई। पीड़ित की पहचान राकेश खन्ना (लगभग 60 वर्ष) के रूप में हुई है। उन्हें उनके परिवार वाले जयपुर गोल्डन हॉस्पिटल ले गए, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी सिमरन, उसके जिम मालिक प्रेमी हिमांशु, दो अन्य सहयोगियों चिराग और पारस को गिरफ्तार कर लिया है। यह ऑपरेशन स्पेशल कमिश्नर ऑफ़ पुलिस (लॉ एंड ऑर्डर, ज़ोन-I) देवेश चंद्र श्रीवास्तव और जॉइंट कमिश्नर ऑफ़ पुलिस (नॉर्दर्न रेंज) विजय सिंह की देखरेख में चलाया गया। रोहिणी जिले के डिप्टी कमिश्नर ऑफ़ पुलिस (DCP) शशांक जायसवाल के नेतृत्व और निर्देशन में कई टीमें तैनात की गई थीं। PCR कॉल मिलने के बाद, DCP और एडिशनल DCP समेत वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और पुलिस टीमें तुरंत अस्पताल और घटनास्थल पर पहुंचीं।
पुलिस जांच के अनुसार, राकेश खन्ना ने हाल ही में करीब 80 लाख रुपये की कीमत का अपना एक फ्लैट बेचा था और उन पैसों से सोना खरीद लिया था। इस बात की भनक जब सिमरन को लगी तो सोने की इसी बड़ी खेप को लूटने का प्लान बनाया। प्लान के तहत सिमरन ने अपनी मौसी (मृतक की पत्नी) और परिवार के अन्य सदस्यों को मेला दिखाने के बहाने घर से बाहर भेज दिया, ताकि बुजुर्ग राकेश खन्ना घर में अकेले रह जाएं।
स्थानीय पुलिस टीम ने फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) और क्राइम टीम के साथ मिलकर घटनास्थल का निरीक्षण किया। शुरुआती जांच से पता चला कि शाम करीब 7:30 बजे तीन लोग घर में घुसे, जबकि उनका एक साथी बाहर पहरा दे रहा था। पुलिस ने बताया कि आरोपियों ने अपराध को अंजाम देने से पहले घर की रेकी (निगरानी) की थी। कथित तौर पर यह रेकी घटना से दो दिन पहले, 30 अगस्त को की गई थी।
रिश्तेदारों के घर से बाहर निकलते ही सिमरन ने घर का सेंट्रल लॉक खोल दिया। इसके बाद चिराग और पारस घर के अंदर घुसे और अकेला पाकर राकेश खन्ना की हत्या कर दी। इस दौरान सिमरन और उसका बॉयफ्रेंड हिमांशु बिल्डिंग के नीचे खड़े होकर बाहर पहरा देते रहे। हत्या की वारदात को अंजाम देने के बाद जब आरोपियों ने घर की तलाशी ली, तो उनके हाथ केवल 1.5 लाख रुपये मूल्य की ज्वेलरी ही लगी।
दरअसल, राकेश खन्ना ने 80 लाख रुपये के सोने को पहले ही किसी गुप्त स्थान पर छिपा रखा था, जिसकी भनक कातिलों को नहीं लग सकी। फिलहाल राकेश खन्ना के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। पुलिस ने कहा कि CCTV फुटेज की जांच की जा रही है और मामले की छानबीन जारी है।
पुलिस के मुताबिक, बुराड़ी की रहने वाली और दिलीप तनेजा की बेटी तनेजा एक प्राइमरी स्कूल टीचर हैं। दूसरा आरोपी, 22 साल का चिराग (अवधेश का बेटा), बुराड़ी की बाबा कॉलोनी में 'द बीस्ट जिम' में जिम ट्रेनर है। तीसरा आरोपी, 19 साल का पारस (अनिल कुमार का बेटा और बाबा कॉलोनी का निवासी), 12वीं कक्षा का छात्र है। पुलिस ने बताया कि वह पहले भी मुखर्जी नगर पुलिस स्टेशन में दर्ज एक मामले में शामिल रहा है। चौथा आरोपी हिमांशु, जो जिम का मालिक है और बुराड़ी का रहने वाला है, उसे कथित सहयोगी के तौर पर पहचाना गया है। पुलिस ने कहा कि चल रही जांच के तहत हर आरोपी की भूमिका और घटनाक्रम का पूरा ब्योरा पता लगाया जा रहा है। आगे की जांच जारी है।