Edited By Radhika,Updated: 02 Jun, 2026 10:50 AM

पश्चिम बंगाल में चुनाव के बाद हुई कथित हिंसा और पार्टी नेताओं को निशाना बनाए जाने के खिलाफ तृणमूल कांग्रेस (TMC) की प्रमुख ममता बनर्जी आज (मंगलवार) कोलकाता के रानी रासमणि रोड पर एक बड़े विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व करने जा रही हैं। यह विवाद टीएमसी...
नेशनल डेस्क: पश्चिम बंगाल में चुनाव के बाद हुई कथित हिंसा और पार्टी नेताओं को निशाना बनाए जाने के खिलाफ तृणमूल कांग्रेस (TMC) की प्रमुख ममता बनर्जी आज (मंगलवार) कोलकाता के रानी रासमणि रोड पर एक बड़े विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व करने जा रही हैं। यह विवाद टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी और कल्याण बनर्जी पर हुए कथित हमलों के बाद और गरमा गया है।
ममता बनर्जी ने कड़ा रुख अपनाते हुए चेतावनी दी है कि अगर पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की, तो भी यह आंदोलन थमेगा नहीं। उन्होंने कहा, "चाहे तो मुझे गिरफ्तार कर लो। टीएमसी आज बिना पुलिस अनुमति, बिना माइक और बिना स्टेज के भी अपना विरोध दर्ज कराएगी। अगर हमें कोलकाता में प्रदर्शन नहीं करने दिया गया, तो हम दिल्ली में आंदोलन करेंगे।"
पलटवार करते हुए बीजेपी बोली-
दूसरी ओर, बीजेपी नेता राहुल सिन्हा ने इस विरोध प्रदर्शन पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आंदोलन की वैधता पर सवाल उठाते हुए कहा कि प्रदर्शन की अनुमति देना या न देना पुलिस का काम है। राहुल सिन्हा ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि "ममता बनर्जी आखिर किस बात का विरोध कर रही हैं? इस मामले में शामिल सभी लोग पकड़े जा चुके हैं। यह पूरा घटनाक्रम खुद अभिषेक बनर्जी ने रचा था ताकि बीजेपी को बदनाम किया जा सके और अपने लिए ज्यादा सुरक्षा की मांग की जा सके। अब उनका यह नाटक जनता के सामने आ चुका है, इसलिए उनके इस धरने का लोगों पर कोई असर नहीं होने वाला।" उन्होंने टीएमसी पर तंज कसते हुए आगे कहा कि यह पार्टी हर जगह चोरी कर रही है और अब तो इन्होंने हस्ताक्षर (signatures) तक चुराना शुरू कर दिया है। जल्द ही ममता बनर्जी को छोड़कर टीएमसी में कोई नहीं बचेगा।
क्या है पूरा मामला?
विवाद की शुरुआत तब हुई जब टीएमसी सांसद अभिषेक बनर्जी ने आरोप लगाया कि दक्षिण 24 परगना में चुनाव बाद हुई हिंसा से पीड़ित परिवारों से मिलने के दौरान उन पर पत्थरों, ईंटों और अंडों से हमला किया गया, जिसमें उनकी आंख में चोट आई है। उन्होंने इसे "बीजेपी प्रायोजित हमला" करार दिया। वहीं, दूसरे मामले में सांसद कल्याण बनर्जी ने दावा किया कि चंडीतला थाने के पास उन पर जानलेवा हमला किया गया। इस मामले में पुलिस अब तक पांच लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है और जांच जारी है।
ममता बनर्जी ने सोमवार को एक वीडियो बयान जारी कर विपक्षी सांसदों पर हुए हमलों को बेहद चौंकाने वाला और 'तानाशाही रवैया' बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि घायल नेताओं के इलाज के लिए अस्पतालों को कथित तौर पर निर्देश दिए गए थे कि वे इलाज न करें। ममता ने साफ किया कि डरा-धमकाकर या प्रशासनिक दबाव बनाकर उनकी पार्टी को कमजोर नहीं किया जा सकता।