आतिशी के बयान पर प्रताप बाजवा का तीखा हमला, बोले-फोरेंसिक रिपोर्ट ने उजागर की सच्चाई

Edited By Updated: 17 Jan, 2026 05:05 PM

pratap bajwa statement regarding atishi

पंजाब विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा ने दिल्ली विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष अतीशी मार्लेना के बयानों को लेकर तीखा हमला बोला है।

पंजाब डेस्क: पंजाब विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा ने दिल्ली विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष अतीशी मार्लेना के बयानों को लेकर तीखा हमला बोला है। बाजवा ने कहा कि आतिशी द्वारा दिए गए बयान न केवल आपत्तिजनक हैं, बल्कि सिख समुदाय की भावनाओं को आहत करने वाले भी हैं। उन्होंने कहा कि संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्ति से इस तरह की टिप्पणी आना विधानसभा की गरिमा के खिलाफ है।

बाजवा ने कहा कि यह मामला अब सिर्फ राजनीतिक विवाद नहीं रह गया है, बल्कि संवैधानिक मर्यादा और धार्मिक सम्मान से जुड़ा गंभीर मुद्दा बन चुका है। उन्होंने बताया कि 6 जनवरी 2026 को दिल्ली विधानसभा के स्पीकर द्वारा जारी आधिकारिक बुलेटिन में सभी तथ्यों को रिकॉर्ड पर लाया गया है। उनके अनुसार, बुलेटिन में स्पष्ट किया गया है कि पीठासीन अधिकारी को फोरेंसिक लैब की रिपोर्ट प्राप्त हुई है, जिसने सदन में दिए गए आपत्तिजनक बयानों की पुष्टि की है। बाजवा ने कहा कि जब विधानसभा के आधिकारिक रिकॉर्ड और फोरेंसिक सबूत मौजूद हैं, तो इनकार या टालमटोल की कोई गुंजाइश नहीं बचती।

बाजवा ने गहरी पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा कि पंजाब सहित देश-विदेश में बसे सिखों में भारी रोष के बावजूद अतीशी मार्लेना की ओर से न तो कोई स्पष्टीकरण आया और न ही माफी मांगी गई। उन्होंने इसे नैतिक जिम्मेदारी से बचने का उदाहरण बताया। कांग्रेस नेता ने मांग की कि इस मामले में कड़ी कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के आरोप में आपराधिक मामला दर्ज किया जाए, बिना शर्त सार्वजनिक माफी ली जाए और आतिशी मार्लेना को दिल्ली विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष के पद से तत्काल हटाया जाए। साथ ही आम आदमी पार्टी के नेतृत्व को भी अपनी जिम्मेदारी तय करनी चाहिए। बाजवा ने जालंधर में विपक्षी नेताओं के खिलाफ दर्ज एफआईआर को भी तुरंत रद्द करने की मांग की। उन्होंने कहा कि जिस सामग्री को साझा करने के आरोप में एफआईआर दर्ज की गई थी, वह अब दिल्ली विधानसभा द्वारा आधिकारिक रूप से प्रमाणित हो चुकी है।

अंत में बाजवा ने चेतावनी दी कि विरोध की आवाजों को दबाने के लिए सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग और दोषियों को बचाने की कोशिश लोकतंत्र और कानून के समान अधिकार पर सीधा हमला है। उन्होंने कहा कि सिख समाज अपने गुरुओं के अपमान को कभी स्वीकार नहीं करेगा और न्याय में किसी भी तरह की देरी अस्वीकार्य है।

अपने शहर की खबरें Whatsapp पर पढ़ने के लिए Click Here  

Related Story

IPL
Royal Challengers Bengaluru

190/9

20.0

Punjab Kings

184/7

20.0

Royal Challengers Bengaluru win by 6 runs

RR 9.50
img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!