Edited By jyoti choudhary,Updated: 05 Jan, 2026 12:42 PM

देश के आठ बड़े शहरों में घरेलू एवं विदेशी कंपनियों की बेहतर मांग से 2025 में कार्यालय स्थान को पट्टे पर देने की मांग 25 प्रतिशत बढ़कर 6.14 करोड़ वर्ग फुट हो गई है। कुशमैन एंड वेकफील्ड ने यह जानकारी दी। इन आठ शहरों में कार्यालय स्थानों को पट्टे पर...
नई दिल्लीः देश के आठ बड़े शहरों में घरेलू एवं विदेशी कंपनियों की बेहतर मांग से 2025 में कार्यालय स्थान को पट्टे पर देने की मांग 25 प्रतिशत बढ़कर 6.14 करोड़ वर्ग फुट हो गई है। कुशमैन एंड वेकफील्ड ने यह जानकारी दी। इन आठ शहरों में कार्यालय स्थानों को पट्टे पर देने की मांग 2024 में 4.91 करोड़ वर्ग फुट रही थी।
रियल एस्टेट सलाहकार कंपनी कुशमैन एंड वेकफील्ड की ओर से सोमवार को जारी आंकड़ों के अनुसार बेंगलुरु, हैदराबाद, पुणे, दिल्ली-राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) और चेन्नई में शुद्ध कार्यालय पट्टा मांग वृद्धि हुई। हालांकि मुंबई, कोलकाता और अहमदाबाद में गिरावट दर्ज की गई।
कुशमैन एंड वेकफील्ड के भारत, दक्षिण पूर्व एशिया, पश्चिम एशिया एवं एशिया प्रशांत के कार्यालय एवं खुदरा क्षेत्र के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) अंशुल जैन ने कहा, ‘‘पिछले साल का प्रदर्शन केवल रिकॉर्ड आंकड़ों से कहीं अधिक की कहानी बयां करता है। यह मजबूत बुनियादी सिद्धांतों पर आधारित दीर्घकालिक वृद्धि पथ का संकेत देता है।'' उन्होंने कहा कि भारत में वैश्विक क्षमता केंद्रों (जीसीसी) के विस्तार और प्रौद्योगिकी को अपनाने में वृद्धि से 2026 में भी कार्यालयों की मांग मजबूत बने रहने का अनुमान है।