Edited By Sarita Thapa,Updated: 23 Apr, 2026 03:55 PM

हिंदू धर्म में बड़ा मंगल का बहुत खास महत्व है। जैसे कि सभी को पता है कि मंगलवार का दिन हनुमान जी को समर्पित होता है। लेकिन ज्येष्ठ माह का हर मंगलवार बड़ा मंगल के रूप में मनाया जाता है।
Bada Mangal 2026 Pauranik Katha : हिंदू धर्म में बड़ा मंगल का बहुत खास महत्व है। जैसे कि सभी को पता है कि मंगलवार का दिन हनुमान जी को समर्पित होता है। लेकिन ज्येष्ठ माह का हर मंगलवार बड़ा मंगल के रूप में मनाया जाता है। इस बार ज्येष्ठ माह में कुल 8 बड़े मंगल पड़ेंगे। ज्येष्ठ महीने में ही श्रीराम और बजरंगबली का मिलन पहली बार हुआ था। इसलिए इस माह में आने वाले सभी मंगलवार को बड़ा मंगल या बुढ़वा मंगल कहा जाता है। माना जाता है कि इस दौरान हनुमान जी की पूरे विधि-विधान क साथ पूजा करने से और उपवास रखने से जीवन में आने वाली हर परेशानियों से छुटकारा मिलता है। तो आइए जानते हैं क्यों बड़ा मंगल मनाया जाता है और इसके महत्व के बारे में-
क्यों मनाया जाता है बड़ा मंगल?
पौराणिक कथा के अनुसार, करीब 400 साल पहले अवध के मुगल शासक नवाब वाजिद अली शाह के बेटे की सेहत अचानक से खराब हो गई थी। अपने बेटे की सेहत को लेकर मुगल शासक अली शाह और उनकी बेगम परेशान रहते थे। बहुत इलाज करवाने के बाद भी उनके बेटे की सेहत पर कोई खास असर होता हुआ न दिखाई दिया। किसी ने मुगल शासक अली शाह और उनकी बीबी को सलाह दी कि लखनऊ के अलीगंज में एक प्राचीन हनुमान मंदिर है, जहां हर मंगलवार पूरे विधि-विधान के साथ बजरंगबली जी की पूजा करने से मन की हर मनोकामना पूरी होती है। अली शाह की बीबी ने ये सलाह मान ली और हर मंगलवार के दिन हनुमान जी के मंदिर में जाकर अपने बेटे के अच्छे स्वास्थ्य के लिए प्रार्थना करने लगी।

कुछ समय के बाद उनके बेटे की सेहत पूरी तरह ठीक हो गई। इस खुशी अवध के मुगल शासक अली शाह और उनकी बेगम ने अलीगंज के प्राचीन हनुमान मंदिर को फिर से बनवाया और ये काम यह काम ज्येष्ठ माह में संपन्न हुआ। मंदिर का काम संपन्न होने पर नवाब ने पूरे लखनऊ में गुड़ का प्रसाद बांटा और इसे एक पर्व की तरह मनाया गया। तभी से ही ये परंपरा शुरू हुई और हर साल ज्येष्ठ माह के मंगलवार को लखनऊ में जगह-जगह पर भंडारे का आयोजन किया जाता है।
बड़ा मंगल का महत्व
पौराणिक कथा के अनुसार, ज्येष्ठ मास के मंगलवार को ही हनुमानजी का पहली बार श्रीराम से मिलन हुआ था। वहीं दूसरी मान्यता ये है कि इसी दिन हनुमानजी ने पांडु पुत्र भीम का अहंकार तोड़ा था। इसलिए इसे बड़ा मंगल या बुढ़वा मंगल कहा जाता है। ज्येष्ठ माह के हर मंगलवार का विशेष महत्व है। माना जाता है कि इस दौरान पूरे विधि पूजा करने से व्रत रखने से हनुमान जी की खास कृपा प्राप्त होती है।

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