Edited By Sarita Thapa,Updated: 10 Aug, 2026 09:18 AM

श्रीकृष्ण जन्मभूमि स्थल पर मंदिर निर्माण के लिए प्रस्तावित ‘शंखनाद’ और ‘कारसेवा’ से पहले मथुरा जिला प्रशासन ने जिले में नई धार्मिक परंपराएं शुरू करने और अवैध गतिविधियों पर रोक लगा दी है।
मथुरा (एजैंसी): श्रीकृष्ण जन्मभूमि स्थल पर मंदिर निर्माण के लिए प्रस्तावित ‘शंखनाद’ और ‘कारसेवा’ से पहले मथुरा जिला प्रशासन ने जिले में नई धार्मिक परंपराएं शुरू करने और अवैध गतिविधियों पर रोक लगा दी है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार यह कार्रवाई उच्चतम न्यायालय और इलाहाबाद उच्च न्यायालय के निर्देशों के तहत की गई है।
पुलिस अधीक्षक (नगर) राजीव कुमार सिंह ने वीडियो संदेश जारी कर कहा कि न्यायालय के निर्देशों के अनुसार जिले में किसी भी प्रकार की नई परंपरा शुरू करने की अनुमति नहीं है। उन्होंने बताया कि श्रीकृष्ण जन्मभूमि पर कथित मंदिर निर्माण के लिए कारसेवा की घोषणा करने वालों ने संतों और प्रमुख लोगों से शंखनाद कार्यक्रम में शामिल होने की अपील की थी। प्रशासन ने कार्यक्रम की ओर जाने वाले लोगों को उनके संबंधित थाना क्षेत्रों में वापस भेज दिया।
अधिकारियों ने बताया कि पुलिस ने साध्वी ऋतंभरा, देवकीनंदन ठाकुर, महंत फूलडोल बिहारीदास, श्रीचरणदास, सौरभ गौड़, सीताराम दास, अभिषेक ब्रह्मचारी, मोहिनी बिहारी शरण और महामंडलेश्वर कृष्णानंद समेत 12 संतों एवं धार्मिक हस्तियों को नोटिस जारी किया है। हालांकि, पुलिस ने स्पष्ट किया कि अब तक किसी को हिरासत में नहीं लिया गया है। जानकारी के अभाव में कार्यक्रम स्थल की ओर जाने वाले लोगों को स्थिति समझाकर सम्मानपूर्वक वापस भेजा गया।