Edited By Niyati Bhandari,Updated: 19 Jun, 2026 12:45 PM

कांग्रेस सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा ने पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा के हालिया बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनकी प्रैस कॉन्फ्रैंस से ऐसा प्रतीत होता है कि वह श्री अकाल तख्त साहिब के फैसले को चुनौती दे रहे हैं, जो उचित नहीं है।
चंडीगढ़/जालंधर (विनय, विशेष): कांग्रेस सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा ने पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा के हालिया बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनकी प्रैस कॉन्फ्रैंस से ऐसा प्रतीत होता है कि वह श्री अकाल तख्त साहिब के फैसले को चुनौती दे रहे हैं, जो उचित नहीं है।
रंधावा ने कहा कि यदि किसी मंत्री या अन्य व्यक्ति को श्री अकाल तख्त साहिब के किसी फैसले को लेकर कोई आपत्ति, शंका या स्पष्टीकरण चाहिए तो उसे सार्वजनिक मंचों पर बयानबाजी करने की बजाय संबंधित जत्थेदार साहिब के साथ व्यक्तिगत रूप से बातचीत करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सिख पंथ की मर्यादा और परंपराओं का सम्मान बनाए रखना सभी की जिम्मेदारी है।
सांसद रंधावा ने कहा कि सिख समुदाय की सर्वोच्च धार्मिक संस्था श्री अकाल तख्त साहिब के फैसलों पर सार्वजनिक रूप से सवाल उठाना या उन्हें चुनौती देना उचित नहीं है।
धार्मिक संस्थाओं और परंपराओं को राजनीतिक विवादों से दूर रखा जाना चाहिए। श्री अकाल तख्त साहिब के साथ किसी प्रकार की राजनीतिक लड़ाई लड़ने से बचना चाहिए। उन्होंने कहा कि सिख कौम की गरिमा, धार्मिक मूल्यों और ऐतिहासिक परंपराओं को सर्वोपरि रखा जाना चाहिए। नेताओं और जनप्रतिनिधियों को अपने बयानों में संयम बरतना चाहिए ताकि धार्मिक संस्थाओं की प्रतिष्ठा पर कोई आंच न आए।
रंधावा ने अपील की कि धार्मिक मामलों को राजनीतिक लाभ-हानि के नजरिए से देखने की बजाय सिख परंपराओं और मूल्यों के अनुरूप समाधान तलाशे जाएं।