Edited By Rohini Oberoi,Updated: 13 Apr, 2026 09:53 AM

हंगरी के चुनावी नतीजों ने पूरी दुनिया को चौंका दिया है। पिछले 16 वर्षों से प्रधानमंत्री की कुर्सी पर काबिज विक्टर ओर्बन को जनता ने सत्ता से बेदखल कर दिया है। उनकी जगह अब यूरोपीय संघ (EU) के समर्थक पीटर मैग्यार देश की कमान संभालेंगे। मैग्यार की इस...
Hungary Peter Magyar Victory : हंगरी के चुनावी नतीजों ने पूरी दुनिया को चौंका दिया है। पिछले 16 वर्षों से प्रधानमंत्री की कुर्सी पर काबिज विक्टर ओर्बन को जनता ने सत्ता से बेदखल कर दिया है। उनकी जगह अब यूरोपीय संघ (EU) के समर्थक पीटर मैग्यार देश की कमान संभालेंगे। मैग्यार की इस जीत को 'धुर दक्षिणपंथी' राजनीति के खिलाफ एक बड़े जनादेश के रूप में देखा जा रहा है।
चुनावी आंकड़े: मैग्यार की तिस्जा पार्टी का जलवा
अब तक हुई 77 प्रतिशत मतों की गिनती में पीटर मैग्यार की 'तिस्जा पार्टी' (Tisza Party) को 53 प्रतिशत से अधिक वोट मिले हैं। वहीं, ओर्बन की सत्तारूढ़ 'फिदेस्ज पार्टी' (Fidesz) मात्र 38 प्रतिशत वोटों पर सिमट गई है। ओर्बन ने अपनी हार स्वीकार कर ली है जिसे उनके राजनीतिक करियर का सबसे बड़ा झटका माना जा रहा है।

वफादार से विरोधी तक का सफर
45 वर्षीय पीटर मैग्यार कभी विक्टर ओर्बन के करीबी और वफादार सहयोगी हुआ करते थे। हालांकि इस चुनाव में उन्होंने ओर्बन की नीतियों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। उनके प्रचार अभियान के मुख्य बिंदु थे। प्रशासन में फैले भ्रष्टाचार को मुख्य मुद्दा बनाया। खस्ताहाल स्वास्थ्य सेवा और सार्वजनिक परिवहन में सुधार का वादा। यूरोपीय संघ (EU) और नाटो (NATO) के साथ बिगड़े रिश्तों को फिर से पटरी पर लाना।

वैश्विक राजनीति पर असर
विक्टर ओर्बन को रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का करीबी माना जाता था। उनकी हार से वैश्विक स्तर पर 'राइट विंग' आंदोलन को कमजोर माना जा रहा है। यूरोपीय नेताओं ने मैग्यार की जीत का स्वागत किया है और इसे लोकतंत्र की मजबूती बताया है।