Edited By Tanuja,Updated: 08 Mar, 2026 04:19 PM

दक्षिण प्रशांत महासागर में रविवार को 6.0 तीव्रता का भूकंप आया। नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी के अनुसार झटका 130 किमी गहराई में दर्ज किया गया। यह क्षेत्र प्रशांत ‘रिंग ऑफ फायर’ में आता है, जहां दुनिया के लगभग 90% भूकंप आते हैं। फिलहाल किसी नुकसान की खबर...
International Desk: रविवार को दक्षिण प्रशांत महासागर में रिक्टर पैमाने पर 6.0 तीव्रता का भूकंप दर्ज किया गया। इसकी जानकारी भारत के नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी (NCS) ने दी। एनसीएस के अनुसार भूकंप 8 मार्च 2026 को भारतीय समयानुसार दोपहर 2:58 बजे आया।फिलहाल इस भूकंप से किसी बड़े नुकसान या सुनामी की चेतावनी की खबर नहीं है।
भूकंप का केंद्र:
- अक्षांश: 15.92° दक्षिण
- देशांतर: 173.70° पश्चिम
- गहराई: 130 किलोमीटर
- स्थान: दक्षिण प्रशांत महासागर
‘रिंग ऑफ फायर’ में आता है यह इलाका
भूकंप जिस क्षेत्र में आया, वह प्रशांत महासागर के ‘रिंग ऑफ फायर’ का हिस्सा है। यह दुनिया का सबसे सक्रिय भूकंपीय क्षेत्र माना जाता है। अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (USGS) के अनुसार दुनिया के लगभग 90% भूकंप इसी क्षेत्र में आते हैं। 81% सबसे बड़े भूकंप भी इसी बेल्ट में दर्ज होते हैं। ‘रिंग ऑफ फायर’ में कई टेक्टोनिक प्लेटें एक-दूसरे से टकराती या एक प्लेट दूसरी के नीचे धंसती हैं। इसी प्रक्रिया को सबडक्शन कहा जाता है। इसी कारण यहां बार-बार भूकंप और ज्वालामुखीय गतिविधियां होती रहती हैं।
इतिहास के सबसे बड़े भूकंप भी यहीं
इसी भूकंपीय बेल्ट में इतिहास के कई शक्तिशाली भूकंप दर्ज हुए हैं, जैसे 1960 का चिली (वाल्डिविया) भूकंप-9.5 तीव्रता, 1964 का अलास्का भूकंप- 9.2 तीव्रतावैज्ञानिकों के अनुसार दुनिया में हर साल करीब 5 लाख भूकंप दर्ज होते हैं। इनमें से लगभग 1 लाख भूकंप लोगों को महसूस होते हैं, जबकि करीब 100 भूकंप नुकसान पहुंचाते हैं।