Edited By Tanuja,Updated: 21 Feb, 2026 06:05 PM

ईरान ने अमेरिका को संदेश दिया है कि वह परमाणु कार्यक्रम पर कूटनीतिक समझौते के लिए तैयार है, लेकिन धमकियों के माहौल में बातचीत संभव नहीं। विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने कहा कि सैन्य कार्रवाई की स्थिति में ईरान कड़ा जवाब देगा। बयान Tasnim News Agency...
International Desk: ईरान ने अमेरिका के साथ जारी तनाव के बीच स्पष्ट किया है कि वह परमाणु कार्यक्रम को लेकर समझौते के लिए तैयार है, लेकिन इसके लिए वॉशिंगटन को धमकियों की नीति छोड़नी होगी। तेहरान ने चेतावनी दी है कि यदि उस पर सैन्य कार्रवाई की गई तो उसका जवाब “और भी सख्त” होगा। ईरान के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने कहा कि अगर अमेरिका यह सुनिश्चित करना चाहता है कि ईरान का परमाणु कार्यक्रम पूरी तरह शांतिपूर्ण रहे, तो इसका एकमात्र रास्ता कूटनीतिक समझौता है। उन्होंने कहा कि दबाव और धमकियों के माहौल में कोई भी सार्थक वार्ता संभव नहीं है।
अराघची के अनुसार, ईरान बातचीत के लिए तैयार है, लेकिन वह “सम्मानजनक और संतुलित” समझौता चाहता है। उन्होंने दो टूक कहा कि यदि अमेरिका आक्रामक रुख अपनाता है और सैन्य कदम उठाता है, तो तेहरान भी उसी अनुपात में कड़ा जवाब देगा। यह बयान ऐसे समय आया है जब अमेरिकी नेतृत्व, खासकर Donald Trump, ईरान को लेकर सख्त रुख अपनाए हुए हैं और परमाणु मुद्दे पर दबाव बढ़ा रहे हैं।
ईरान लगातार यह कहता रहा है कि उसका परमाणु कार्यक्रम ऊर्जा और अनुसंधान जैसे शांतिपूर्ण उद्देश्यों के लिए है, जबकि अमेरिका और उसके सहयोगी देशों को आशंका है कि तेहरान परमाणु हथियार क्षमता की दिशा में आगे बढ़ सकता है। ईरानी मीडिया संस्था Tasnim News Agency के अनुसार, तेहरान ने दोहराया है कि कूटनीति का रास्ता अभी भी खुला है, लेकिन “धमकी के साथ संवाद” स्वीकार्य नहीं होगा। फिलहाल हालात ऐसे मोड़ पर हैं जहां एक तरफ समझौते की संभावना है, तो दूसरी ओर टकराव और क्षेत्रीय अस्थिरता का खतरा भी बना हुआ है।