Edited By Pardeep,Updated: 03 May, 2026 10:37 PM

मिडिल ईस्ट में जारी भारी तनाव और ईरान के साथ बढ़ते टकराव के बीच इजराइल ने अपनी हवाई ताकत को कई गुना बढ़ाने के लिए एक बड़ा फैसला लिया है।
इंटरनेशनल डेस्क: मिडिल ईस्ट में जारी भारी तनाव और ईरान के साथ बढ़ते टकराव के बीच इजराइल ने अपनी हवाई ताकत को कई गुना बढ़ाने के लिए एक बड़ा फैसला लिया है। इजराइली रक्षा मंत्रालय ने घोषणा की है कि वह अमेरिका से F-35I और F-15IA लड़ाकू विमानों के दो और नए स्क्वाड्रन खरीदेगा। इस अरबों डॉलर के सौदे को इजराइल के सीनियर मंत्रियों की एक विशेष डिफेंस डील कमिटी ने मंजूरी दे दी है।
आसमान में बढ़ेगी इजराइल की बादशाहत
इस नए रक्षा सौदे के तहत इजराइल लॉकहीड मार्टिन से चौथा F-35I स्क्वाड्रन और बोइंग से दूसरा F-15IA स्क्वाड्रन हासिल करेगा। आने वाले वर्षों में इन विमानों के बेड़े में शामिल होने से इजराइल की वायुसेना की ताकत अकल्पनीय रूप से बढ़ जाएगी। आंकड़ों के अनुसार:
- F-35I बेड़ा: इसकी कुल संख्या बढ़कर 100 हो जाएगी।
- F-15IA बेड़ा: इसकी कुल संख्या बढ़कर 50 हो जाएगी। वर्तमान में इजराइल के पास 48 F-35I विमान हैं, जो उनके शुरुआती 50 विमानों के ऑर्डर का हिस्सा थे।
कब तक होगी डिलीवरी?
स्रोतों के अनुसार, इजराइ ने 2023 में जिन 25 F-35 विमानों का ऑर्डर दिया था, उनकी डिलीवरी 2028 से शुरू होने की संभावना है। वहीं, 2024 में ऑर्डर किए गए 25 F-15IA विमानों की डिलीवरी 2031 से शुरू होगी। रक्षा मंत्रालय के महानिदेशक अमीर बाराम ने बताया कि यह कदम अगले दस साल और उसके आगे तक IDF (इजराइल रक्षा बल) की सैन्य बढ़त को सुरक्षित रखने के लिए उठाया गया है।
ईरान को कड़ा संदेश और अमेरिका का साथ
इजराइल के रक्षा मंत्री इजराइल काट्ज ने स्पष्ट किया है कि ईरान के साथ हालिया युद्ध ने यह साबित कर दिया है कि इजराइल की सुरक्षा में उसकी वायुसेना की भूमिका कितनी निर्णायक है। इस बीच, अमेरिका और इजराइल के बीच रणनीतिक संबंध भी नई ऊंचाइयों पर हैं। 'ऑपरेशन रोरिंग लायन' की सफलता के बीच, हाल ही में 6,500 टन सैन्य सामान लेकर अमेरिकी जहाज इजराइल पहुंचे हैं, जो इस साझेदारी की मजबूती को दर्शाता है।